राज्य

उत्तराखंड में तीन हजार सरकारी स्कूल होंगे बंद

शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए सरकार ने दस और दस से कम छात्र संख्या वाले बेसिक और जूनियर स्कूलों का विलय करने को मंजूरी दे दी। इस फैसले के दायरे में करीब तीन हजार स्कूल आ रहे हैं।

शिक्षा सचिव चंद्रशेखर भट्ट ने शुक्रवार शाम इसके आदेश कर दिए। आदेश के अनुसार एक किमी के दायरे में आने वाले ऐसे सभी बेसिक स्कूलों को बंद करते हुए उनका एक स्कूल में विलय किया जाएगा। जबकि तीन किमी के दायरे में आने वाले जूनियर हाईस्कूलों का भी विलय करने को मंजूरी दे दी गई है। शिक्षा सचिव ने शिक्षा निदेशक को इस मामले में प्राथमिकता पर कार्रवाई करने को भी कहा है। सरकार इस व्यवस्था को जल्द से जल्द लागू करना चाहती है।

शिक्षकों ने मंत्री के खिलाफ बांधी कालीपट्टी तो मंत्री ने सुनाई खरी-खरी
शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे का कहना है कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए यह बेहद जरूरी हो गया था। इससे सरकार पर अनावश्यक आर्थिक बोझ कम होगा। जो धन अलग-अलग स्कूलों में दिया जाता था, वो सारा अब एक स्कूल पर ही इस्तेमाल होगा। इससे हर स्कूलों को पर्याप्त संसाधन मिलेंगे और प्राइवेट स्कूलों के समान हर कक्षा को एक शिक्षक देना भी मुमकिन हो जाएगा।

बंद होने वाले स्कूलों के शिक्षक होंगे शिफ्ट
स्कूलों को बंद करने से शिक्षकों की क्षमताओं का और बेहतर उपयोग हो सकेगा। इस प्रक्रिया में चार हजार से ज्यादा शिक्षक आएंगे। जिस स्कूल में विलय किया जाएगा, वहां बंद होने वाले स्कूलों के शिक्षकों को नियुक्त किया जाएगा। इससे विलय के बाद बनने वाले स्कूलों में पर्याप्त संसाधन और शिक्षक उपलब्ध हो जाएंगे।

स्कूल भवन पंचायत और खेल विभाग को
बंद होने वाले स्कूलों की इमारत का इस्तेमाल गांव की अन्य सामाजिक गतिविधियों के लिए हो सकेगा। साथ ही इन्हें पंचायत, खेल विभाग ग्राम्य विकास आदि विभाग को दिया जा सकता है।

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button