छत्तीसगढ़

रायगढ़-उड़ीसा बॉर्डर पर एक खास तरीके का टैक्स..?

सादे कागज पर घोड़े का निशान,उस पर किसी के दस्तख़त..? हर गुजरने वाली बड़ी गाड़ी को देना होता है ये टैक्स..? सफेद सुमो में सफेद कपड़े पहने उतरते हैं कुछ लोग, पढ़ें पूरी एक्सक्लूसिव स्टोरी

हिमालय मुखर्जी ब्यूरो चीफ रायगढ़

रायगढ़। इन दिनों तमनार क्षेत्र के रायगढ़ उड़ीसा बॉर्डर पर एक अजीबोगरीब तरीके से वसूली हो रही है। यहां ट्रक ड्राइवरों से महीने का ₹500 वसूला जाता है और सबसे खास बात इसके लिए एक अलग तरीके का रसीद या फिर कागज कह लीजिए। उनके हाथ में थमा दिया जाता है। जिस पर घोड़े की तस्वीर होती है और उस पर एक सिग्नेचर होता है। यह किस तरह का टैक्स है, वह कौन लोग हैं जिन्हें यह ₹500 देते हैं। इसके बारे में किसी को कुछ नहीं मालूम यहां तक कि देने वाले को भी…?तमनार ब्लॉक स्थित पालीघाट- हमीरपुर सीमा जो की ओडिशा से छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाली बॉर्डर है।

सफेद कलर की सूमो

यहां सफेद कलर की सूमो में सिविल और सफेद कपड़ों में आए हुए लोग एक कागज की कच्ची परची में सभी ट्रक से 500 रुपए की वसूली एंट्री के नाम पर करते है। इसका पता चलने पर जब हम वहां पहुंचे तो हमारी टीम को दूर से देखकर ही रफ्फूचक्कर हो गए।

तब हमने वहां खड़े ट्रक के ड्राइवर से जानना चाहा कि क्या हो रहा है तो उन्होंने ने बताया कि यहा सादे कपड़ों में कुछ लोग सभी ट्रक से एंट्री के नाम पर सादे कागज में गाड़ी का नंबर लिखकर और साइन करके महीने का 500 रुपए लेते हैं। दूसरे क्षेत्र से आए ड्राइवर अपना काम न रुके इसलिए उनसे ज्यादा पूछताछ भी नहीं करते और डर से बिना पूछ परख किए ही पैसा देकर आगे चल देते हैं।

जब हमने उनसे जानना चाहा कि वे कौन से विभाग के हैं तो उन्होंने ने बताया कि कुछ लोग सफेद वर्दी में थे। तो कुछ लोगों ने सिविल ड्रेस पहन रखा था। यह ना तो पुलिस वाले लग रहे थे ना ही आरटीओ। इन्होंने बताया कि हर 15 दिन में ये पैसा लेने के लिए कभी जंगल में बॉर्डर से कुछ दूर इस पार तो कभी उस पार परची काटते हैं। परची को देखने पर पता चलता है कि वह सादे कागज का टुकड़ा है जिस पर घोड़े का स्टिकर लगा हुआ है। हमें देखकर जैसे ही वो लोग भागे तो हमें मामला संदिग्ध जान पड़ा।मगर सोचने वाली बात है कि यह कौन सा गिरोह है और किस तरह का टैक्स यहां वसूलता है ? वह भी डंके की चोट पर, कभी इस पार कभी उस पार, एक खास तरह के निशान का उपयोग करता है..?

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