मध्यप्रदेशराज्यराष्ट्रीय

मौसम विभाग के मुताबिक आज प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका

मध्य प्रदेश में भारी बारिश से आठ की मौत, 7000 से अधिक लोगों का रेस्क्यू

नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में अगले छह दिन तक हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान है. मौसम विभाग ने रविवार को अपने पूर्वानुमान में इसकी जानकारी दी है.

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने कहा कि व्यापक पैमाने पर बारिश का अनुमान नहीं है. दिल्ली में अगस्त में अब तक 236.5 मिमी बारिश दर्ज की गई है जबकि इस अवधि तक सामान्य मात्रा 245.7 मिमी है और इस लिहाज से बारिश चार प्रतिशत कम हुई है.

वहीँ मौसम विभाग के मुताबिक आज गुजरात में भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है. राजस्थान, पश्चिमी मध्य प्रदेश, सिक्किम और उत्तरी कोंकण में भी भारी से बहुत भारी हो सकती है.

इसके अलावा मध्य महाराष्ट्र, असम, मेघालय, नागालैंड, मिजोरम, त्रिपुरा, तमिलनाडु और पुड्डुचेरी में भी भारी बारिश का अनुमान है. राजस्थान के कुछ इलाकों में आज आंधी तूफान की भी आशंका है.

महाराष्ट्र के पूर्व विदर्भ में कई जिलो में बाढ

महाराष्ट्र के पूर्व विदर्भ में कई जिलो में बाढ आई है. इसमे नागपुर, चंद्रपुर, भंडारा और गढ़चिरौली शामिल है. मध्य प्रदेश के चौराई डैम पानी छोड़ा गया है और दूसरी ओर से दो दिन से लगातार बारिश के कारण बाढ़ की स्थिति पैदा हो गई है. एनडीआरएफ और एसडीआरएफ रेस्क्यू ऑपरेशन में लगी हुई है. कई रास्ते बंद हो गए हैं. कई घरों और खेतों में नुकसान पहुंचा है.

राजस्थान के अजमेर, भीलवाड़ा, बांसवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़ सहित राज्य के पूर्वी इलाकों के कई हिस्सों में भारी बारिश, वहीं पश्चिमी इलाकों के बाडमेर, बीकानेर, नागौर जिलों में आज भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है. पिछले 24 घंटों के दौरान पूर्वी इलाकों के अनेक स्थानों और पश्चिमी इलाकों के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश दर्ज की गई.

विनाशकारी बाढ़ की चपेट में 12 जिला

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को कहा कि पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश से प्रदेश में आठ लोगों की मौत हुई है और विनाशकारी बाढ़ की चपेट में आये 12 जिलों के 454 गांव के 7,000 से अधिक लोगों को बचाया गया है.

उन्होंने कहा कि बाढ़ में फंसे 40 गांवों के लगभग 1200 और लोगों को निकालने के प्रयास जारी हैं. एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और वायुसेना सहित अन्य बचाव दल कर्मियों ने इस बाढ़ में फंसे इन गांवों के 7,000 से अधिक लोगों को बाढ़ग्रस्त इलाके से सुरक्षित निकाला है.

पश्चिमी मध्य प्रदेश के इंदौर, उज्जैन, शाजापुर, रतलाम, देवास, झाबुआ, अलीराजपुर, मंदसौर और नीमच में आज भी भारी बारिश होने का अनुमान है. तवा और बरगी बांध ओवरफ्लो हो रहे थे, इसलिए इन बांधों के गेट खोलने पडे.

इसके कारण होशंगाबाद में नर्मदा नदी खतरे के निशान को पार कर गई. इससे नर्मदा के दोनों तटों पर बसे होशंगाबाद, रायसेन और सीहोर के जिलों में तबाही मच गई. कई शहर और गांव पानी में डूब गये.

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button