अंतर्राष्ट्रीय

भारत की सुरक्षा के खिलाफ गतिविधियां मंजूर नहीं : उत्तर कोरिया

नई दिल्ली : उत्तर कोरिया ने भारत को बुधवार को भरोसा दिलाया कि वह ऐसी किसी भी गतिविधि को स्वीकार नहीं करेगा जो भारत की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करे। विदेश राज्य मंत्री जनरल वी के सिंह (सेवानिवृत) ने बुधवार को प्योंगयोंग में उत्तर कोरिया सरकार के विभिन्न नेताओं से मुलाकात की।

दो दिन की यात्रा पर उत्तर कोरिया गए विदेश राज्य मंत्री जनरल सिंह : इन मुलाकातों में दोनों देशों के बीच योग, आयुर्वेदिक औषधि, शिक्षा और कृषि तथा व्यावसायिक प्रशिक्षण के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी।

उत्तर कोरिया सरकार के निमंत्रण पर दो दिन की यात्रा पर 15 मई को प्योंगयोंग पहुंचे जनरल सिंह ने सुप्रीम पीपुल्स असेंबली के वाइस प्रेसिडेंट किम योंग दाई, विदेश मंत्री री योंग हो, संस्कृति मंत्री पाक चुन नाम तथा विदेश उप मंत्री चोए हुई चोल से भेंट की और राजनीति क्षेत्रीय आर्थिक शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक सहयोग के मुद्दों पर व्यापक चर्चा की।

विदेश मंत्रालय के अनुसार विदेश राज्य मंत्री से बातचीत में उत्तर कोरिया के नेताओं ने क्षेत्र में हाल के दिनों में कोरियाई प्रायद्वीप में हुई घटनाओं के बारे में बताया।

भारत की चिंता को ध्यान में रखेगा उत्तर कोरिया : जनरल सिंह ने उत्तर कोरिया एवं दक्षिण कोरिया के संयुक्त शांति पहल का स्वागत किया और कहा कि भारत दोनों पक्षों के शांति एवं समृद्धि लाने के प्रयासों को प्रोत्साहित करता है।

उन्होंने परमाणु प्रसार से उत्पन्न खतरे को रेखांकित किया और भारत के पड़ोस से इसके प्रसार के संदर्भ में अपनी ङ्क्षचताएं प्रकट कीं। उत्तर कोरिया के अधिकारियों ने कहा कि मित्र देश होने के नाते उनका देश ऐसा कोई काम मंजूर नहीं करेगा जो भारत की सुरक्षा के लिए ङ्क्षचता पैदा करे।

विदेश मंत्रालय के अनुसार दोनों पक्षों ने फैसला किया कि वे व्यावसायिक शिक्षा, कृषि, फार्मास्युटिकल्स, योग, पारंपरिक औषधि सहित परस्पर हितों के क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाएं तलाशेंगे। दोनों देश शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक आदान प्रदान से जनता के बीच संबंधों को मजबूत बनाने तथा राजनयिक संबंधों की 45वीं वर्षगांठ मनाने पर सहमत हुए हैं।

भारत एवं उत्तर कोरिया के बीच 10 दिसंबर 1973 को कूटनीतिक संबंधों की स्थापना हुई थी और इस साल इसके 45 साल पूरे हो जाएंगे। भारत से उत्तर कोरिया के लिए मंत्रिस्तरीय यात्रा 20 साल के बाद हुई है।

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