राष्ट्रीय

भारत-विकास फाउंडेशन को बंद करने को मिली मंजूरी

नई दिल्ली : केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने विदेशों में रहने वाले भारतीयों के भारत-विकास फाउंडेशन को बंद करने के फैसले को बुधवार को मंजूरी दे दी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार शाम हुई केन्द्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में विदेशों में रहने वाले भारतीयों के भारत-विकास फाउंडेशन (आईडीएफ-ओआई) को बंद करने की मंजूरी दी गई। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार यह कदम इसलिए उठाया गया ताकि राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन और स्वच्छ भारत मिशन जैसे सरकार के प्रमुख कार्यक्रमों के लिए प्रवासी भारतीयों के योगदान को दिशा देने के लिए तालमेल बढ़ाया जा सके।

सरकार ने 2008 में मंत्रिमंडल की मंजूरी से आईडीएफ-ओआई की स्थापना एक स्वायत्तशासी गैर लाभकारी न्यास के रूप में की थी ताकि भारत की सामाजिक और विकास परियोजनाओं में प्रवासी भारतीयों के स्वेच्छा से योगदान को सरल बनाया जा सके। चूंकि विदेशों में रहने वाले भारतीय समुदाय से दान के रूप में फाउंडेशन को दिसंबर 2008 से मार्च 2015 के बीच केवल 36.80 लाख रुपए प्राप्त हुए थे। आईडीएफ-ओआई की 2015 में एक विस्तृत समीक्षा की गई।

सरकार के राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन और स्वच्छ भारत मिशन जैसे प्रमुख कार्यक्रमों को बढ़ावा देने और राज्य सरकारों द्वारा पहचानी गई सामाजिक और विकास परियोजनाओं को आईवीएफ-ओआई के आदेश पत्र में शामिल कर लिया गया। अप्रैल 2015 और मार्च 2018 के बीच न्यास को 10.16 करोड़ रुपए प्राप्त हुए। इनमें से प्राप्त अधिकांश राशि राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन अथवा स्वच्छ भारत मिशन से जुड़ी थी जिनका प्रबंध विभिन्न एजेंसियों द्वारा अलग-अलग किया जा रहा था।

तालमेल बढ़ाने, क्षमता में सुधार लाने और काम में दोहरीकरण रोकने के लिए आईडीएफ-ओआई के न्यास बोर्ड की 9वीं बैठक में न्यास को 31 मार्च, 2018 से बंद करने का फैसला किया गया था। इसे आज सरकार ने स्वीकृति दे दी।

Tags

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *