b’day spl: भगवान राम के किरदार से पहचान बनाने वाले अरुण गोव‍िल

सेलेक्शन कमेटी ने मुझे राम के रोल के लिए स‍िलेक्ट किया: अरुण गोव‍िल

मुंबई: छोटे पर्दे के मशहूर और सुपरहिट पौराणिक सीरियल रामायण से अपनी पहचान बनाने वाले मशहूर एक्टर अरुण गोव‍िल का आज 63 वां जन्मदिन है. बॉलीवुड के मशहूर और दिग्गज अभिनेता अरुण गोविल ने बॉलीवुड के अलावा भोजपुरी, उड़िया और तेलुगु फिल्मों में भी काम किया, लेकिन असली पहचान राम के रोल में ही मिला.

टीवी के राम के तौर पर फेमस अरुण गोव‍िल को आज हर घर में आदर और सम्मान के साथ देखा जाता है. उनके इसी किरदार ने उन्हें बेशुमार शोहरत दिलाई. लेक‍िन जानकर हैरानी होगी कि राम के रोल के लिए परफेक्ट माने जाने वाले अरुण गोव‍िल को इस रोल के लिए रिजेक्ट कर दिया गया था. आज अरुण के जन्मदिन पर जानें उनके इस महत्वपूर्ण किरदार के पीछे की कहानी.

इस वाकये को खुद अरुण गोविल ने बताया था. अरुण ने एक इंटरव्यू में कहा था- उस वक्त मैं रामानंद सागर के शो विक्रम और बेताल में काम कर रहा था. तभी मुझे पता चला कि रामायण बन रही है. ‘मेरे जहन में आया कि मुझे राम का रोल करना चाहिए. मैंने रामानंद सागर से कहा कि मैं राम का रोल करना चाहता हूं.

फिर रामानंद साहब ने हैरानी से मुझे देखा. उन्हें नहीं लगा था मैं कभी उनसे ये कहूंगा कि मुझे राम का रोल करना है.’ ‘फिर उन्होंने कहा ठीक है, जब समय आएगा तो बता दूंगा. कई महीने बीत गए. फिर मुझे राम के किरदार के ऑडिशन के लिए बुलाया गया. वहां मेरे अलावा कई और लोग भी आए हुए थे.’

‘मैंने ऑडिशन दिया. उसके बाद मुझे रिजेक्ट कर दिया गया. मुझे नहीं पता क्यों. किसी दूसरे एक्टर को कास्ट कर लिया गया. शूटिंग की डेट्स भी अनाउंस हो गई थी. बीच में कई महीने चले गए थे. तभी एक दिन सागर साहब ने मुझे मिलने के लिए बुलाया. फिर उन्होंने कहा कि सेलेक्शन कमेटी ने मुझे राम के रोल के लिए स‍िलेक्ट किया है.

वे चाहते हैं कि मैं ही ये रोल करूं.’ तो ऐसे अरुण गोव‍िल को महीनों इंतजार के बाद राम का रोल मिला. जहां एक ओर उन्हें काफी शोहरत मिली, वहीं दूसरी ओर उनके इसी किरदार की वजह से उन्हें काम के लिए तरसना भी पड़ा. इस बात का खुलासा भी अरुण गोव‍िल ने एक इंटरव्यू में किया था.

माजरा उन्होंने कहा- रामायण के बाद मैंने कई सीरियल में काम किया. लेकिन मेरी राम वाली छवि लोगों के मन पर ऐसी हावी थी, कि मैं उस कैरेक्टर से कभी बाहर ही नहीं आ पाया. मुझे रामायण से पहले तो फिल्में मिलती थी लेकिन बाद में नहीं मिली.

जब उनका कर‍ियर दांव पर लगा तो वे बॉलीवुड के अलावा बंगाली और ओड़‍िया फिल्मों में भी काम करने लगे. काम नहीं मिलने के चलते वे इन फिल्मों के लिए राजी हुए थे. अरुण गोविल ने विक्रम बेताल, रामायण के अलावा टीवी शो बसेरा, एहसास- कहानी एक घर की, कैसे कहूं. अपराजिता, अंतरा, सांझी में काम किया.

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