ब्रिटेन की प्रधानमंत्री टेरेसा मे ने संसद में ब्रेक्जिट पर पेश की अपनी ‘दूसरी योजना’

समझौता संसद में पारित नहीं हो पाने के कारण ब्रेक्जिट से पहले ब्रिटेन में राजनीति गर्मा गई

ब्रिटेन: ब्रिटेन की प्रधानमंत्री टेरेसा मे के समझौते को ‘हाउस ऑफ कामन्स’ में 432 के मुकाबले 202 मतों से हार का सामना करना पड़ा था. जिसके बाद अविश्वास प्रस्ताव में 325 सांसदों ने उनकी सरकार का समर्थन किया जबकि 306 सांसदों ने संसद में लाए गए अविश्वास प्रस्ताव के पक्ष में मतदान किया था और मे 19 मतों के अंतर से जीत गईं थी.

इसी कड़ी में टेरेसा मे ने सोमवार को संसद में ब्रेक्जिट पर अपनी ‘दूसरी योजना’ (प्लान बी) पेश की. ईयू से ब्रिटेन के अलग होने संबंधी समझौते को सांसदों द्वारा खारिज किए जाने के बाद उन्होंने यह कदम उठाया. इससे पहले समझौता संसद में पारित नहीं हो पाने के कारण ब्रेक्जिट से पहले ब्रिटेन में राजनीति गर्मा गई है.

सांसद यदि समय रहते ऐसी वैकल्पिक योजना तैयार नहीं कर पाते, जिससे ब्रसेल्स खुश हो या ब्रेक्जिट की तय तारीख को स्थगित नहीं किया गया तो ब्रिटेन को बिना किसी समझौते के 29 मार्च को यूरोपीय संघ छोड़ना पड़ सकता है.

ईयू प्रमुखों बहुत पहले ही समझौते पर फिर से बातचीत से इनकार कर चुके हैं. लेकिन उन्होंने संकेत दिए हैं कि यदि मे नागरिकों के मुक्त आवागमन को बाधित करने और ईयू के सीमा शुल्क संघ को छोड़ने पर अपनी ‘रेड लाइन’ में बदलाव करती हैं तो वापसी की प्रक्रिया को स्थगित किया जा सकता है.

1
Back to top button