चिंकारा हिरण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, पुणे की बारामती तहसील का मामला

बारामती तहसील के करावागज इलाके के वन परिक्षेत्र में चिंकारा हिरण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है. जिस जगह पर मौत हुई, उसी के पास नदी किनारे शिकार कर पार्टी करने का मामला भी सामने आया है

पुणे: मामला बारामती तहसील के करावागज इलाके के वन परिक्षेत्र में एक चिंकारा हिरण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है. जिस जगह पर मौत हुई उसी के पास नदी किनारे शिकार कर पार्टी करने का मामला भी सामने आया है. कहा जा रहा है की इसी पार्टी में चिंकारा हिरण का गोश्त इस्तेमाल किया गया है इस पर अब भी संसय बना हुआ है की वह गोस्त चिंकारा हिरण का है या नहीं इसकी जांच जारी है.

रविवार को करहा नदी के किनारे रेत निकालने के गड्ढा किया गया जिसमे चिंकारा हिरण के खोपड़ी से मिलती जुलती खोपड़ी मिली. इसके अलावा वही पास में चूल्हा तैयार करने के लिए तीन पत्थर, छुरे-चाकू, शराब की बोतलें, हड्डियों के टुकड़े भी बरामद किए गए.

जानकारी मिलते ही वनविभाग के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे और उस स्थान से सबूतो के तौर पर वहां मिली चीजों को अपने साथ ले गए. अधिकारियों ने खोपड़ी समेत अन्य सामान को जाँच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजा.

बारामती तहसील के कई इलाके जंगल है, इन इलाकों में बड़ी संख्या में चिंकारा हिरण पाए जाते हैं. पुणे, बारामती और पलटन के नागरिकों के अलावा कई लोग यहां पर शिकार के लिए आते हैं. और कुछ अपने पालतू कुत्तों की मदद से खरगोश और हिरन जैसे जानवरों का शिकार करते हैं.

जिस समय इस मामले पर कार्रवाई हो रही थी कि करावागज वनविभाग में चिंकारा हिरण की मौत कैसे हुई. तो यह भी पता चला की पानी की कमी के चलते बारामती तहसील में चिंकारा हिरण इंसानी बस्ती में आ जाते हैं लेकिन पानी की यह प्यास उनको मौत के दरवाजे पर खड़ा कर देती है.

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