तरक्की की राह पर तेज गति से बढ़ रहा है छत्तीसगढ़ – बृजमोहन

बृजमोहन अग्रवाल ने ने कहा की छत्तीसगढ़ राज्य पर उंगली उठाने वालों ने प्रत्यक्ष रूप से यहां की निरंतर हो रही तरक्की को देखा नहीं है या फिर वे पूर्वाग्रह से ग्रसित हैं और राजनैतिक कारणों से इस तरक्की को स्वीकारने में हिचकते है।

रायपुर: प्रदेश के कद्दावार भाजपा नेता व छत्तीसगढ़ प्रदेश के कृषि एवं सिंचाई मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने जारी बयान में कहा की देश में तेजी से विकास करने वाले चुनिंदा राज्यों में हर दृष्टि से छत्तीसगढ़ अग्रणी राज्य है. हर क्षेत्र में छत्तीसगढ़ ने बहुत ही कम समय में एक मुकाम हासिल किया है. केवल 17 वर्ष पहले इसकी गिनती देश के सबसे पिछड़े और बिमारु क्षेत्र में होती थी. कांग्रेस व कांग्रेसनीत सरकारों ने कभी भी इस क्षेत्र की चिंता नहीं की और न ही छत्तीसगढ़ की वासियों की तकलीफ को समझा. हम छत्तीसगढ़ वासियों के लिए यह सौभाग्य की बात थी कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई ने यहां के लोगों की पीड़ा को महसूस किया और अलग राज्य की सौगात दी.

आज देखिए केवल 17 वर्षों में ही अटल द्वारा बनाया गया यह छत्तीसगढ़ राज्य तरक्की की राह पर तेज गति से बढ़ रहा है. उन्होंने कहा कि इस ज़ीरो पावर कट छत्तीसगढ़ राज्य के विकास पर उंगली उठाने वालों ने प्रत्यक्ष रूप से यहां की निरंतर हो रही तरक्की को देखा नहीं है या फिर वे पूर्वाग्रह से ग्रसित हैं और राजनैतिक कारणों से इस तरक्की को स्वीकारने में हिचकते है. डॉ मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार हो यह वर्तमान की नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार सभी ने छत्तीसगढ़ के विकास को सराहा है और सम्मानित किया है. ऐसे में नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत द्वारा दिए गए बयान को तोड़-मरोड़कर राजनैतिक स्वरूप प्रदान करना अनुचित है.

बृजमोहन ने कहा कि यह वही नवगठित छत्तीसगढ़ राज्य है जिसे सर्वाधिक धान और दलहन उत्पादन के लिए अब तक चार बार भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय कृषि कर्मण पुरस्कार से सम्मानित किया गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी स्वाइल हेल्थ कार्ड अभियान के तहत 38 लाख 90 हजार 709 किसानों को स्वाइल हेल्थ कार्ड उपलब्ध कराने के लक्ष्य के विरुद्ध 43लाख 34 हज़ार 595 किसानों को स्वाइल हेल्थ कार्ड उपलब्ध कराया गया हैं जो लक्ष्य से 111 परसेंट हैं.

उद्यानिकी फसलों के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ ने सर्वाधिक ऊंची छलांग लगाई है. राज्य निर्माण के वक्त 1 लाख 64 हज़ार 683 हेक्टेयर से बढ़कर आज 8 लाख 30 हज़ार 799 हेक्टेयर में किसान उद्यानिकी फसल ले रहे हैं. यह वृद्धि 404 प्रतिशत हैं. मछली पालन में हमारा छत्तीसगढ़ देश में छठवें स्थान पर है. सिंचाई क्षमता की बात करें तो राज्य निर्माण के वक्त सृजित सिंचाई क्षमता 13 लाख 28 हज़ार हेक्टेयर जो कुल फसल क्षेत्र की 22 प्रतिशत थी वह आज बढ़कर 20 लाख 52 हजार हैक्टेयर हो गई है. राष्ट्रीय हॉर्टिकल्चर लीडरशिप अवार्ड यह विभाग प्राप्त कर चुका है.

राज्य की जल संसाधन विभाग में पिछले 15 सालों में 651 एनीकेट, स्टॉप डेम का निर्माण किया है. इसके साथ ही 440 लघु सिंचाई योजनाओं को भी पूर्ण कर किसानों के हित इसमें बड़ा काम किया गया है. जल संसाधन विभाग को जल संरक्षण संवर्धन वह सिंचाई क्षमता बढ़ाने की दिशा में किए गए उल्लेखनीय कार्यों पर वाटर डाइजेस्ट अवार्ड 2018 प्रदान किया गया है.

स्वास्थ्य विभाग की बात करें तो राष्ट्रीय स्तर पर नवजात शिशु सुरक्षा के लिए तृतीय पुरस्कार, शिशु संरक्षण में द्वितीय पुरस्कार और जनसंख्या स्थिरीकरण मित्र से पुरस्कार प्राप्त हो चुका है. वर्ष 2010 से 13 तक राष्ट्रीय बीमा योजना के उत्कृष्ट क्रियान्वयन कार्यक्रम प्रबंधन आदि के लिए भी राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुका है. आज प्रदेश में दो से बढ़कर छह शासकीय मेडिकल कॉलेज और तीन निजी मेडिकल कॉलेज प्रारंभ हो गए हैं. प्रदेश के नर्सिंग महाविद्यालय में 3390 सीटें उपलब्ध है. हर दृष्टि से छत्तीसगढ़ का स्वास्थ्य विभाग राज्य वासियों की बेहतर सेवा कर रहा है और भविष्य में ज्यादा बेहतर के लिए पूरी सिद्दत के साथ प्रयासरत है.

राज्य के लोक निर्माण विभाग ने बीते 14 सालों में राज्य में 995 पुलों के निर्माण किये गये है. बस्तर जैसे क्षेत्र में ही 138 पुल बनाए गए है. यह कार्य विकास के प्रति हमारी सरकार के संकल्प को प्रदर्शित करता है. उच्च शिक्षा के क्षेत्र में हमारी तरक्की काफी बेहतर है. छत्तीसगढ़ में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान(आईआईटी), अंतर्राष्ट्रीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, सेंट्रल इंस्टीट्यूट ऑफ प्लास्टिक इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी जैसी प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थाएं छत्तीसगढ़ में है. हमारे यह राज्य अपने युवाओं को कौशल विकास का अधिकार अधिनियम 2013 के तहत कौशल विकास का अधिकार प्रदान करने वाला देश का प्रथम राज्य है. राज्य के सभी जिलों में लाइवलीहुड कॉलेज का संचालन किया जा रहा है.

इसी प्रकार राज्य का महिला बाल विकास विभाग प्रदेश की महिलाओं और बच्चों के लिए अच्छा काम कर रहा है. इसके अंतर्गत आने वाले वित्त एवं विकास निगम को बेस्ट चेनेलाइजिंग एजेंसी का राष्ट्रीय सम्मान 2 बार मिल चुका है. महिला सशक्तिकरण के लिए माननीय राष्ट्रपति रामनाथ गोविंद ने महिला दिवस पर नारी शक्ति सम्मान से सम्मानित किया है. प्रदेश के उज्जवल भविष्य निर्माण के लिए स्कूल शिक्षा विभाग भी काफी बेहतर ढंग से काम कर रहा है. नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पोटा केबिन के माध्यम से 30 हज़ार विद्यार्थियों के लिए की गई शिक्षा व्यवस्था को भारत सरकार की सराहना मिल रही है. बीते 15 वर्षों में 9748 प्राथमिक शाला है 7061 पूर्व माध्यमिक शाला है 2334 हाई स्कूल व 1098 हायर सेकेंडरी स्कूल खोले गए हैं.

बृजमोहन ने कहा कि नक्सलवाद से मुक्ति के लिए अंतिम जंग पूरी हिम्मत के साथ हमारा राज्य लड़ रहा है. विभिन्न चुनौतियों का सामना करते हुए मात्र 17 वर्षों में छत्तीसगढ़ राज्य ने जो उपलब्धि हासिल की है वह अद्वितीय है. आज पूरा देश राज्य की तरक्की से आश्चर्यचकित है. दो दशक पहले किसी ने कल्पना भी नहीं की होगी की छत्तीसगढ़ राज्य देश के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान देगा. राज्य निर्माण के बाद प्रदेश की जनता ने भारतीय जनता पार्टी के प्रति अपना विश्वास जताया और सरकार बनायी. इस सरकार ने पूरी शिद्दत के साथ प्रदेश व प्रदेश वासियों की सेवा की. परिणाम सामने हैं. जनता का भरोसा निरंतर तीन चुनावों में भाजपा ने जीता है. आज भी जनता का विश्वास भाजपा पर ही है. बीते 4 वर्षों से नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा राज्य को किये जा रहे सहयोग से यहां के विकास की रफ़्तार और बढ़ी है. ऐसे में आने वाले चुनाव में भी पुनः बीजेपी की सरकार छत्तीसगढ़ में बनेगी तथा विकास का कारवां और आगे बढ़ेगा.

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