राष्ट्रीय

पत्रकार छत्रपति हत्याकांड में राम रहीम समेत 4 पाए गए दोषी, 17 को होगा सजा का ऐलान

पहले कोर्ट दोपहर 2 बजे फैसला सुनाने वाली थी लेकिन बाद में यह आगे बढ़ गया और तीन बजे यह बड़ा फैसला आया है।

पंचकूला की विशेष सीबीआई कोर्ट पत्रकार छत्रपति हत्याकांड में राम रहीम समेत चार को आरोपियों को दोषी करार दिया है। मामले में अब सजा का ऐलान 17 जनवरी को होगा।

राम रहीम अभी सुनारिया जेल में कैद है और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उसकी पेशी हुई। पहले कोर्ट दोपहर 2 बजे फैसला सुनाने वाली थी लेकिन बाद में यह आगे बढ़ गया और तीन बजे यह बड़ा फैसला आया है।

दोषी ठहराए जाने के बाद पुलिस ने तुरंत तीन अन्य दोषियों को गिरफ्तरा कर लिया है और अब कोर्ट से उन्हें सीधे जेल ले जाया जाएगा।

जानिए क्या है पत्रकार छत्रपति हत्याकांड

यह करीब 16 साल पुराना मामला है। साल 2002 में पत्रकार रामचंद्र छत्रपति की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। छत्रपति अपने अखबार में डेरा से जुड़ी खबरे छापते थे।

डेरा सच्‍चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम पर किशनलाल, निर्मल और कुलदीप के साथ मिलकर साजिश रच कर छत्रपति की हत्‍या कराने का आरोप है।

आरोप है कि बाइक पर आए कुलदीप ने गोली मार कर रामचंद्र प्रजापति की हत्या कर दी थी उसके साथ निर्मल भी था।

हत्‍या लाइसेंसी रिवाल्‍वर से की गई थी। रामचंद्र की हत्‍या दिनदिहाड़े सिरसा में बीच सड़क पर की गई थी।

दोनों आरोपितों कुलदीप और निर्मल को मौके पर ही पकड़ लिया गया था। छत्रपति ने ही साध्वियों से दुष्‍कर्म के मामले का खुलासा किया था।

छत्रपति ने अपने सांध्‍यकालीन समाचार पत्र ‘पूरा सच’ मेंं इस संबंध में अनाम साध्‍वी का पत्र प्रकाशित किया था और पूरे मामले का खुलासा किया था।

इस मामले में 2003 में एफआईआर दर्ज हुई थी और 2006 में मामला सीबीआइ के सुपुर्द किया गया था। इन साध्वियों से दुष्‍कर्म के मामले में ही गुरमीत राम रहीम सुनारिया जेल में 20 वर्ष कैद की सजा भुगत रहा है।

पंजाब-हरियाणा में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, धारा 144 लागू

सुनवाई से पहले पंचकूला में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। धारा 144 लगा दी गई है। जजों की सुरक्षा पर भी खास ध्यान दिया गया है।

कोर्ट परिसर में 240 जवान तैनात किए गए हैं। अलग-अलग नाकों पर करीब 1200 सशस्त्र जवान तैनात किए गए हैं।

जेल परिसर के आसपास ड्रोन कैमरे और घोड़ा पुलिस के माध्यम से भी सुरक्षा व्यवस्था बनाई गई है।

जेल परिसर के आस-पास तथा शहर में कुल आठ नाके बनाए गए हैं, जहां पर छह-छह पुलिसकर्मियों को जांच के लिए तैनात किया गया है।

दिल्ली और झज्जर बाईपास पर सघन चेकिग के आदेश सुनारिया जेल के आसपास तथा दिल्ली और झज्जर बाईपास पर एसपी ने सघन चेकिग के आदेश दिए हैं।

फैसले से पहले टेंशन में राम रहीम

इस केस की सुनवाई से पहले राम रहीम तनाव में है। वह न तो समय पर सो पा रहा और न ही खाना खा रहा।

तीन दिन पहले मिलने आए परिवार से भी अच्छे ढंग से बात नहीं कर की। सुनारिया जेल में सजा काट रहे गुरमीत से उसके अधिवक्ता गुरदास सिह सलवारा ने गुरुवार को

सुनारिया जेल में मुलाकात की और शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से होने वाली पेशी को लेकर कुछ जानकारी दी। वरिष्ठ अधिवक्ता सलवारा दोपहर करीब ढाई बजे जेल में पहुंचे। करीब 20 मिनट अधिवक्ता ने बातचीत की।

बताया जाता है कि राम रहीम अधिवक्ता से मुलाकात के दौरान काफी मायूस दिखा।

मां के सामने नम हो गई थीं आंखें जेल सूत्रों के अनुसार सोमवार को राम रहीम से मिलने उसकी मां नसीब कौर समेत बेटा जसमीत, बेटी अमरप्रीत, बेटी चरणप्रीत व परिवार के सदस्य जेल पहुंचे थे।

परिवार के सदस्यों से मुलाकात के दौरान गुरमीत भावुक हो गया और उसके चेहरे पर उदासी भी साफ झलक रही थी।

वह परिवार के सदस्यों से ठीक से बातचीत भी नहीं कर पाया। मां ने उसे सिर पर हाथ रखकर आशीर्वाद भी दिया।

 

Summary
Review Date
Reviewed Item
पत्रकार छत्रपति हत्याकांड में राम रहीम समेत 4 पाए गए दोषी, 17 को होगा सजा का ऐलान
Author Rating
51star1star1star1star1star
congress cg advertisement congress cg advertisement
Tags
Back to top button