मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा: उपचुनाव में भाजपा की हार के बाद पेट्रोल की कीमत में कमी आई…

रायपुर. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि उपचुनावों में भारतीय जनता पार्टी की हार के बाद पेट्रोल की कीमत में पांच रुपए की कमी आ गई. यदि आने वाले चुनावों में पार्टी की हार होती है तो पेट्रोल की कीमत उस स्तर पर आ जाएगी जो संप्रग सरकार के समय में थी. जनता को अपनी ताकत का अहसास हो चाहिए.

बघेल ने राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में गोवर्धन पूजन के कार्यक्रम के दौरान वहां मौजूद किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने पेट्रोल का दाम 30 रुपये बढ़ाकर पांच रुपए कम कर दिया है, इससे वाहवाही लूटी जा रही है . उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती संप्रग सरकार के दौरान पेट्रोलियम पदार्थ में एक्साइज टैक्स नौ रूपए था जो राजग सरकार में 30 से 32 रूपए हो गया.

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार को टैक्स कम कर नौ रूपए कर देना चाहिए जिससे पेट्रोल डीजल के दाम और कम हो जाएगा. बघेल ने कहा कि एक बार उपचुनाव के हारने के बाद पेट्रोल की कीमत में पांच रुपए की कमी आ गई है. आप समझ लीजिए कि पांच राज्यों में उपचुनाव होने वाले हैं और इसमें इनका सूपड़ा साफ हो जाएगा तब पेट्रोल का दाम उसी स्तर पर आ जाएगा जो संप्रग सरकार के दौरान था.

उन्होंने कहा, ‘‘जनता जिसे चाहे उसे फर्श पर बैठाती है और जिसे चाहे उसे अर्श पर ले जाती है. जनता को अपनी ताकत का एहसास होना चाहिए. हमारे हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक और राजस्थान की जनता ने बता दिया तब पेट्रोल डीजल का दाम गिर गया. यदि आने वाले चुनावों में भाजपा की हार हुई तब पेट्रोल की कीमत उसी स्तर पर आ जाएगी जो यूपीए सरकार में थी.’’

बघेल ने इस दौरान किसानों से कहा कि वह पुआल में आग न लगाएं और गौवंश के चारे के लिए इसका दान कर प्रकृति को बचाएं. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के किसानों से देश में सबसे अधिक मूल्य पर धान की खरीदी की जाती है जो राज्य में आने वाले चुनाव तक 28 सौ रुपए प्रति ंिक्वटल हो सकता है. मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरे देश में कहीं भी 25 सौ प्रति ंिक्वटल में धान की खरीदी नहीं होती है और यहां किसानों को 25 सौ रुपए से ऊपर मिल रहा है.

उन्होंने कहा कि धान का समर्थन मूल्य और राज्य सरकार के राजीव गांधी किसान न्याय योजना का इनपुट सब्सिडी मिलने के बाद किसानों को उनकी उपज का अधिक मूल्य मिल रहा है. राज्य में न्याय योजना की तीसरी दी गई है, चौथी किस्त के मिलने से तथा समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी होने से किसानों को आगामी विधानसभा चुनाव तक धान का 28 सौ रुपए प्रति ंिक्वटल मिलने लगेगा.

बघेल ने कहा कि जब सरकार किसानों की मदद कर रही है तब किसानों को भी प्रदूषण से बचने के लिए तथा प्रकृति को बचाने के लिए प्रयास करना चाहिए. इसलिए पैरा को गाय को खिलाएं, गाय गोबर देगी ?तब हम गोबर से वर्मी कंपोस्ट बनाकर फिर उसे खेत में खाद के रूप में प्रयोग कर सकते हैं. किसानों को धरती के ऋण से उऋण होना है इसलिए वह पैरे का दान करें.

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