मुख्यमंत्री योगी और राज्यपाल ने बाल सेवा योजना का किया शुभारंभ, वाराणसी के 159 बच्चों को मिला लाभ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने बाल सेवा योजना का गुरुवार को लखनऊ से शुभारंभ किया।

वाराणसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने बाल सेवा योजना का गुरुवार को लखनऊ से शुभारंभ किया। बच्चों को स्वीकृति पत्र, मिष्ठान, स्कूल बैग वितरित किए। इस योजना में जिले 159 बच्चों के खाते में प्रतिमाह चार हजार रुपये की दर से प्रति बच्चे के खाते में 3 माह का 12 हजार रुपये की धनराशि खाते में डिजिटली ट्रांसफर की।

कमिश्नरी ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल के शुभारंभ कार्यक्रम का लाइव प्रसारण हुआ। जनप्रतिनिधियों, बच्चों एवं अभिभावकों ने देखा व सुना। ऑडिटोरियम सभागार में अध्यक्ष जिला पंचायत पूनम मौर्या, महापौर मृदुला जायसवाल, विधायक सौरभ श्रीवास्तव एवं सदस्य राज्य महिला आयोग अर्चना ने योजना में लाभ हेतु चयनित जनपद के 15 बच्चों को प्रतीकात्मक स्वीकृति पत्र, खाने-पीने की वस्तुएं वितरित की।

कोविड कॉल में जिन बच्चों ने माता-पिता दोनों या एक को खोया है। उनकी देखभाल व शिक्षा के लिए प्रदेश सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना लागू की गई है। योजना में 18 वर्ष तक की आयु के बच्चों को उनकी देखरेख हेतु प्रतिमाह 4 हजार रुपये आर्थिक सहायता और कक्षा 9 से ऊपर की शिक्षा प्राप्त करने वाले 18 वर्ष की आयु के बच्चों को लैपटॉप/टेबलेट देने की व्यवस्था है। बालिकाओं की विवाह हेतु एक लाख एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।

ऐसे बच्चों के लिए कस्तूरबा गांधी बालिका, अटल आवासीय विद्यालयों में निश्‍शुल्क शिक्षा की व्यवस्था है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इस योजना का दायरा बढ़ाए जाने का कार्य हो रहा है, जिसमें ऐसे बच्चे जिनके माता-पिता नॉन कोविड से इतर किसी अन्य बीमारी आदि से नहीं रहे उन बच्चों को भी इसमें लिया जाएगा।

ऑडिटोरियम में प्रभारी जिलाधिकारी/मुख्य विकास अधिकारी मधुसूदन हुलगी, जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रवीण त्रिपाठी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित अन्य अधिकारी गणमान्य नागरिक बच्चों व उनके अभिभावक उपस्थित रहे।

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