बिज़नेस

कंपनियों ने बढ़ाए टैलीविजन सेट्स की कीमतें

कोलकाताः वित्त मंत्री अरुण जेतली ने इस बार के बजट में एलईडी टैलीविजन पैनल्स और बने-बनाए टी.वी. सेट्स पर आयात शुल्क बढ़ा दिया है।

एक महीने बाद इसका असर दिखना भी शुरू हो गया है। सैमसंग और पैनासॉनिक जैसी टैलीविजन निर्माता कंपनियों ने टी.वी. के दाम 6 फीसदी तक बढ़ा दिए।

इन कंपनियों ने भी बढ़ाई कीमतें : इस बढ़ौतरी के बाद इन कंपनियों के टी.वी. सेट की कीमतों में 300 से लेकर 2000 रुपए तक की बढ़ौतरी हो गई है। सैमसंग और पैनासोनिक के अलावा बी.पी.एल., सान्यो और कोडक कंपनियों ने भी कीमतें बढ़ाई हैं।

ये कंपनियां भी ज्यादातर टी.वी. सेट बनाती हैं। गौरतलब है कि ये कंपनियां या तो सिर्फ ऑनलाइन बिक्री करती हैं या इनका ऑनलाइन सेल्स पर फोकस है। ये कंपनियां ज्यादातर टैलीविजन सेट्स आयात किया करती हैं। मसलन, कोडक ने औसतन 10 फीसदी जबकि बी.पी.एल. और सान्यो ने 5 फीसदी से 6 फीसदी तक कीमतें बढ़ा दी हैं।

पैनासॉनिक इंडिया के सीईओ मनीष शर्मा ने कहा, ‘टैक्स बढ़ने के बाद हमारे पास इसे कीमतें बढ़ाकर कन्ज्यूमर से वसूलने के अलावा कोई चारा नहीं था। हालांकि, इससे बिक्री पर बहुत गहरा असर पड़ सकता है।’ उन्होंने कहा कि कंपनी ने 3 से 6 फीसदी तक कीमतें बढ़ा दी हैं। उनके मुताबिक, ज्यादातर वृद्धि बड़ी स्क्रीन वाले मॉडलों पर हुई है।

20% बढ़ा आयात शुल्क : सरकार ने बने-बनाए टी.वी. सेट्स के आयात पर ड्यूटी बढ़ाकर 20 फीसदी जबकि रेडी टु असेंबल फॉर्मेट में एलईडी टैलीविजन पैनलों पर बढ़ाकर 15 फीसदी कर दी है। वहीं, ओपन सेल टैलीविजन पैनल्स पर 10 फीसदी का नया शुल्क लगा दिया है।

ओपन सेल पैनल्स को भारत में ही असेंबल करना होता है। पिछले दो महीने से सैमसंग, एलजी और पैनासॉनिक जैसी कंपनियों ने टीवी सेट तैयार करने का यही तरीका अपना रखा है।

Tags

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.