ISIS, आतंक और अस्पताल: अहमद पटेल की राजनाथ को चिट्ठी- राजनीति नहीं, निष्पक्ष जांच हो

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के करीबी और सांसद अहमद पटेल ने ISIS आतंकियों से जुड़े आरोपों पर गृह मंत्रालय का दरवाजा खटखटाया है. अहमद पटेल ने गृहमंत्री राजनाथ सिंह को चिट्ठी लिखकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है.

शनिवार को लिखी गई इस चिट्ठी में अहमद पटेल ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा का मामला बेहद गंभीर है और इस पर राजनीति नहीं की जानी चाहिए. अहमद पटेल ने इसके लिए गुजरात की बीजेपी सरकार को घेरा और उस पर बेबुनियाद आरोप लगाने का दावा किया.

चिट्ठी में अहमद पटेल ने गृहमंत्री राजनाथ सिंह से कहा कि वह संबंधित जांच एजेंसी से इस मामले की तहकीकात कराए और दोषियों को सख्त सजा दिलाई जाए.

नेता न तय करें आरोप

अहमद पटेल ने ये भी कहा कि आतंक के इल्जाम तय करने का काम जांच एजेंसी और न्याय व्यवस्था का है. पार्टी हेडक्वार्टर में बैठकर आरोप तय करने का काम न करें.

शुक्रवार (27 अक्टूबर) को ही मुख्यमंत्री विजय रुपाणी ने अपने सूबे के कांग्रेसी नेता अहमद पटेल पर गंभीर आरोप लगाया था. रुपाणी का आरोप है कि गुजरात आतंकवाद निरोधक दस्ते (ATS) द्वारा गिरफ्तार आईएस आतंकी ने जिस अस्पताल में किया, उसे कांग्रेस नेता अहमद पटेल का संरक्षण प्राप्त था.

उन्होंने कहा था कि ये आतंकी अहमदाबाद में बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे. इनमें संदिग्ध आतंकी मोहम्मद कासिम जिस भरुच अस्पताल में नौकरी करता था, उसके कर्ता-धर्ता अहमद पटेल ही हैं.

हालांकि कांग्रेस ने सफाई दी है कि अहमद पटेल ने यहां से साल 2014 में इस्तीफा दे दिया है. अहमद पटेल ने खुद इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है.

बता दें कि गुजरात में दिसंबर महीने में विधानसभा चुनाव होने हैं. एक तरफ जहां कांग्रेस जीएसटी, नोटबंदी और रोजगार जैसे मुद्दे पर बीजेपी को घेर रही है, वहीं सत्ताधारी बीजेपी ने अब आतंक के नाम पर कांग्रेस को निशाने पर लिया है.

advt

Back to top button