धर्मांतरण मामला : हिंदू सांसद ने पाकिस्तानी संसद में पेश किए सुरक्षा के लिए प्रस्ताव

जबरन धर्म परिवर्तन कराने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग भी की

इस्लामाबाद: पाकिस्तान में हिन्दू लड़की का जबर्दस्ती अपहरण कर निकाह करवाकर धर्म परिवर्तन के मामले में हिंदू सांसद ने पाकिस्तानी संसद में सुरक्षा के लिए प्रस्ताव पेश किए हैं। उनके प्रस्ताव को पीटीआई, पीएमएलएन, पीपीपीपी सहित कई पार्टियों का समर्थन मिला।

डॉ. रमेश वांकवानी ने यह प्रस्ताव बाल विवाह निरोधक अधिनियम (संशोधन 2019) में जबरन विवाह (एक या दोनों पक्षों ने अपनी सहमति नहीं दी हो) और बाल विवाह पर पाकिस्तान दंड संहिता के तहत प्रतिबंध लगाने के लिए दी है।

वहीं आपराधिक कानून (अल्पसंख्यकों का संरक्षण) अधिनियम 2019 में इस बात पर जोर दिया है कि कोई भी व्यक्ति बालिग (18 वर्ष) होने तक अपना धर्म नहीं बदल सकता। अगर कोई ऐसा करता है, तो वह सजा के लिए उत्तरदायी होगा और पीडि़त को जुर्माना भी देना होगा। इतना ही नहीं ऐसे लोगों को मदद करने वाले लोगों को भी सजा मिलेगी।

हिंदू सांसद ने संसद में यह भी पूछा कि देश में सिर्फ युवा हिंदू लड़किया ही क्यों धर्म परिवर्तन कर रहे हैं, जबकि लड़का या कोई बूढ़ी औरत क्यों नहीं? उन्होंने हालिया घटना की निंदा करते हुए जबरन धर्म परिवर्तन कराने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग भी की।

Back to top button