सीआरपीएफ ने रावनडीगी में आयोजित किया सिविक एक्शन प्रोग्राम

सीआरपीएफ की 65वीं बटालियन ने किया प्रोगाम का आयोजन

गरियाबंद। दर्रीपारा थाना चैकी से पांच किमी दूर वनांचल क्षेंत्र में बसे ग्राम आमागांव में सीआरपीएफ की 65वीं बटालियन ने सिविक एक्शन प्रोग्राम का आयोजन किया इस दौरान विभिन्न सांस्कृति कार्यक्रम भी संपन्न हुए।

कार्यक्रम में सीआरपीएफ कमांडर देवेन्द्र नाथ द्वारा ग्राम पंचायत रावनडीगी, खरता सहित दस गांवो के ग्रामीणों को दैनिक उपयोग की जरूरतमंद वस्तुएं बांटी। जिसमें ब्लैंकेट, साड़ी, ट्रैकसुट, फावड़ा, घमेला, स्टील घड़ा, वालीबॉल, फुटबॉल, क्रिकेट कीट कैरम बोर्ड और वाटर टैंक शामिल है।

कार्यक्रम में कमांडर देवेन्द्र नाथ ने कहा कि शांति व्यवस्था के लिए ग्रामीणों और पुलिस के बीच सतत सम्पर्क और सामंजस्य होना जरूरी है। पुलिस जनता की सेवा के लिए इसे दूरी बनाने के बजाय इससे बेहतर संबध स्थापित करने चाहिए।

उन्होंने कहा कि क्षेत्र में शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था के प्रति ग्रामीण ओर जनप्रतिनिधि जागरूक हो ताकि आने वाली पीढी को परेशानी का सामना ना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि क्षेत्र का विकास शिक्षा,स्वास्थ्य और समुचित व्यवस्थाओ से संभव है।

इस क्षेत्र के लोग विकास से जुड़े। उन्होंने कहा कि जो लोग गलत मार्ग में हैं और भटके हुए हैं उन्हे भी समाज के मुख्य धारा में लाना है। एसडीओ राहुल देव शर्मा ने कहा कि यह क्षेत्र संवेदनशील है, इस क्षेत्र की जनता की सेवा के लिए पुलिस, सीआरपीएफ उपलब्ध है।

उन्होंने ग्रामीणो और युवाओ से अपील करते हुए कहा कि वे सही मार्ग से ना भटके, माओवादियो के झांसे में ना आये। समाज के विकास के लिए अंचल का विकास जरूरी है। जबकि माओवादी विकास के बाधक है।

इस दौरान उप कमान्डेड महेश विश्वकर्मा व एसएस चौहान, चिकित्सा अधिकारी डॉं एनजे रेड्डी, सहायक कमान्डेड आर वीपी सिंह राणा, सुमन सौरभ, विन्द्रानवागढ चैकी प्रभारी रविकान्त वर्मा, पवन मरकाम,दयाराम सार्वा, दर्रीपारा चैकी प्रभारी हुम्मनसिह ध्रुव,

कविन्द्र सिन्हा, कुंज बिहारी जगत, धनेश्वर लहरे, ओमप्रकाश साहु, जनपद सदस्य अशोक नेताम, खरता सरपंच फुलेता ध्रुव, रावनडिगी सरपंच जगनाथ सोरी, उपसरपंच जसवंत सिंह, रूपसिंह ध्रुव, भरत साहु, महेश ध्रुव, जीवन सोम, शिक्षकगण डीके ठाकुर, सुश्री मिन्ती मिन्ज, डीपी साहु, सदानंद ध्रुव, जोशी सर,ग्वाल सिह, चंदन सिह सहित आसपास ग्रामों के ग्रामीण व स्कुली बच्चे मौजुद
थे।

1
Back to top button