साइबर अपराध : बैंक अधिकारी बनकर सेवानिवृत्त कर्मी से एक लाख की ठगी

बढ़ते जा रहे हैं ऑनलाइन ठगी के मामले ताजा मामला जामताड़ा का जहा सेवानिवृत्त कर्मी से बैंक कर्मी क नाम पर एक लाख की ठगी

जामताड़ा : प्रशासन और बैंक प्रबंधन की ओर से बार बार जागरूकता अभियान चलाए जाने के बावजूद अनपढ़ तो अनपढ़ पढ़े-लिखे लोग भी साइबर अपराध के शिकार हो रहे हैं। जिससे गाढ़ी कमाई गवां रहे हैं। ऐसे ही ठगी का एक नया मामला मिहिजम थाना क्षेत्र के आमबागान इलाके का सामने आया है। चिरेका के सेवानिवृत्त कर्मी ब्रजेश कुमार के बैंक खाता से अपराधियों ने 1 लाख 5 हजार रुपये उड़ा लिये। अपराधियों ने खुद को बैंक अधिकारी का बताया और उनका क्रेडिट कार्ड का गोपनीय व ओटीपी नंबर लिया और उस राशि की ऑनलाइन शॉपिंग कर ली गई। पीड़ित ने थाना में ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। वहीं पुलिस ने तत्काल जांच-पड़ताल शुरू कर दी है।

पीड़ित ने बताया कि 2 दिन पहले 9069946366 नंबर से कॉल आया। पूछा कि क्रेडिट कार्ड बंद करवाना है? इस विषय पर बात करनी है कह के जरूरी जानकारी लेने लगा। चूंकि पीड़ित को क्रेडिट कार्ड लेना ही नहीं था और बैंक के बार-बार कॉल करने के कारण उन्हें क्रेडिट कार्ड ले लिया था। वे कुछ दिनों से उसे बैंक को वापस करने वाले थे। बैंक प्रबंधन ने भी कहा था कि वे कार्ड रखें अच्छा न लगे तो बंद करवा दीजिएगा। इस बीच जिस साइबर अपराधी ने कॉल किया वह अपना परिचय विजय जसूजा के नाम से दिया। जबकि उनके क्रेडिट कार्ड में भी विजय जसूजा का ही हस्ताक्षर अंकित था। ऐसे में पीड़ित ने भरोसा कर लिया उसे अपना कार्ड नंबर और पिन नंबर बता दिया। फिर अपराधी ने ओटीपी नंबर भी ले लिया। बाद में साइबर अपराधी ने उनके क्रेडिट खाता से 1 लाख 5 हजार रुपये की शॉपिंग कर ली।

पीड़ित को भनक तब लगी जब वे अगले दिन बैंक पहुंचे। बैंक वालों ने बताया कि उनके क्रेडिट खाता से एक लाख पांच हजार रुपये निकाल लिया गया है। इधर साइबर अपराध की तलाश पुलिस ने शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि ऑन लाइन पेमेंट नोयडा आदि शहरों में किया गया है। पुलिस अब संबंधित मोबाइल नंबर का पता कर रही है जिस नंबर के जरिए पीड़ित को झांसा दिया गया था।

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