देहरादून: रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने आईएमए को दी बड़ी सौगात, 2 टनल का किया वर्चुअल शिलान्यास

भारतीय सैन्य अकादमी में बनने वाली अंडरपास टनल दो सालों में बनकर तैयार हो जाएगी.

देहरादून: भारतीय सैन्य अकादमी का करीब 40 वर्षों का इंतजार खत्म हो गया है. आईएमए में दो अंडरपास टनल बनने का रास्ता साफ हो गया है. रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने वर्चुअल भूमिगत सुरंग का शिलान्यास किया. वहीं, मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भूमि पूजन कर दो अंडरपास टनल का शिलान्यास किया. करीब 40 सालों से अधिक समय से ये मांग थी की आईएमए में अंडरपास टनल बनाईं जाएं जिससे की पीओपी के दौरान और आम आवाजाही के दौरान लोगों को रोका न जाए और आवाजाही सुचारू ढंग से चलती रहे.

खत्म होगी जाम की समस्या

बता दें कि आईएमए में एक ओर से दूसरी ओर की आवाजाही के दौरान एनएच 72 पर गाड़ियों को रोकना पड़ता था लेकिन अब अंडरपास टनल बन जाने के बाद से ये समस्या खत्म हो जाएगी. भारतीय सैन्य अकादमी में बनने वाली अंडरपास टनल दो सालों में बनकर तैयार हो जाएगी.

काम पहले पूरा हुआ तो करेंगे सम्मानित

अंडरपास का रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने वर्चुअल शिलान्यास किया. रक्षामंत्री ने कहा कि अंडरपास बन जाने के बाद से आवाजाही की सभी दिक्कतें खत्म हो जाएंगी. उन्होंने कहा कि एनएच 72 पर ट्रैफिक जाम की समस्या से निजात मिलेगी. अंडरपास को बनने में दो साल का समय लगेगा और काम पूरा होने के बाद वो खुद इसके लोकार्पण पर देहरादून आएंगे. रक्षामंत्री ने ये भी कहा कि अगर दो साल से पहले टनल को बनाकर तैयार हो जाती है तो वो निर्माण करने वालों को सम्मानित भी करेंगे.

आम लोगों के लिए भी ये बड़ी सौगात है

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भूमिपूजन कर अंडरपास का शिलान्यास किया. सीएम ने कहा की 45 वर्ष का समय लग गया अंडरपास बनाने में, आज का दिन बेहद महत्वपूर्ण है. परेड के दौरान बड़ी दिक्कतें होती थीं. दो वर्ष में अंडरपास बनकर तैयार हो जाएगा. परेड के दौरान आवाजाही को रोकना पड़ता है. अंडरपास बन जाने के बाद ये सभी दिक्कतें खत्म हो जाएंगी. मुख्यमंत्री ने कहा कि न सिर्फ सेना के लिए बल्कि आम लोगों के लिए भी ये बड़ी सौगात है.

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