छत्तीसगढ़

अनु.जाति/ जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम में संसोधन की माँग – मोदी का पुतला दहन कर जताया विरोध

धीरे धीरे आरक्षण खत्म करने वाले प्रधानमंत्री मोदी का डॉ अम्बेडकर चौक में पुतला दहन

रायपुर : जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) अनुसूचित जाति विभाग के प्रदेश संयोजक पप्पू बघेल के नेर्तित्व में अनुसूचित जाति जन जाति अत्याचार अधिनियम पर समर्थन नही करने और उच्च शिक्षा में आरक्षण बंद करने के विरोध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया। विदित है विगत दिनों देश के सर्वोच्च न्यायालय के द्वारा एसटी-एससी एक्ट पर भारी संशोधन किया जो न्यायलयीन मामला है इस न्यायालय में ही पुनर्विचार याचिका लगाएंगे, लेकिन इस निर्णय से यह वर्गों के आहत है।

हजारों वर्षों से वंचित वर्ग के साथ हो रहे अन्याय और अत्याचार से राहत दिलाने और उस रोक लगाने के उद्देश्य से बनाए गए एक्ट के कारण ही कुछ लोग डरते थे ये वर्ग राष्ट्रपति से संरक्षित वर्ग है फिर भी आज बीजेपी शासित राज्य गुजरात की ऊना कांड, यूपी के सहारनपुर सहित अनेकों दिल दहलाने वाली कांड सबको याद है भारतीय जनता पार्टी के राज में इस कानून के बाद भी लगातार बड़ी संख्या में देश के कोने-कोने में दलित उत्पीड़न की संख्या बढ़ी है,

इस मामले में पासवान और अठावले का बयान जले में नमक छिड़कने जैसी है मोदी जी के कथनी और करनी में भारी अंतर है कि पुनर्विचार याचिका लगाएंगे, जबकि संसद चल रही है इसी में प्रधानमंत्री अपने वीटो पावर का इस्तेमाल कर संसद में कानून लेकर सुप्रीम कोर्ट का आदेश को तत्काल बदल सकता है, वहीँ मोदी राज में भारतीय जनता पार्टी और RSS के मोहन भागवत द्वारा बिहार चुनाव के समय आरक्षण बंद करने संविधान बदलने की बाते करते रहे है और ये आरक्षण बंद करने की सुरुवात कर जेएनयू का आरक्षण खत्म और विश्विद्यालयो में आरक्षण ख़त्म और एट्रोसिटी एक्ट में दिख रहा है

भाजपा राज में दलितों के गले मे हांडी, कमर में झाड़ू पहनाने की और आदिवासियों को जंगल भेजने की तैयारी की जा रही हैं। इसके अलावा सरकार के द्वारा विश्वविद्यालयों को निजीकरण कर देश मे आरक्षण को समाप्त करने की साजिश की जा रही है। पप्पू बघेल ने कहा भाजपा राज में वंचित समाज के दलित, आदिवासी विरोधी नीति के विरोध में 28 मार्च को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया कर विरोध जताया,

साथ ही अनुसूचित जाति जनजाति पिछड़ा वर्ग के लोगों के द्वारा देशभर में सरकार की दलित विरोधी नीतियों का विरोध किया जा रहा है आगामी 2 अप्रैल 2018 को भारत बंद का भी आह्वान किया गया है जिसका जनता कांग्रेस ने समर्थन किया है। और इस आंदोलन में बीजेपी सहित सभी पार्टियों के अनुसूचित जाति जनजाति पिछड़ा माइनॉरिटी के सभी वर्गों के सांसदों से इस विषय पर नया और कड़ा कानून बनाने की अपील की है

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन के पश्चात राष्ट्रपति को पत्र लिखकर प्रधानमंत्री को बर्खास्त करने की मांग किया। और सभी सांसदों से इस एक्ट पर संसद में साथ देने की अपील के लिए पत्र लिखेगा। भारी नारेबाजी और आक्रोशित जनता कांग्रेस जे के सैकड़ो लोगो इस विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए। इस विषय पर आगे और भी आंदोलन की रणनीत भी तय की गई। इसमे सामिल होने वालों मेंकार्यक्रम में रायपुर ग्रामीण प्रत्याशी डॉ ओमप्रकाश देवांगन, रीति देशलहरा,

धनेस्वरी डांडे, मनोज बंजारे, प्रकाश मार्कण्डेय, धर्मेंद्र बंजारे, उतित भारद्वाज, नेहा बघेल, उमा अन्त, उषा चतुर्वेदनी, अनसुइया आडिल, कमल बांधे, जितेंद्र नारंग, लष्मीकांत गायकवाड़, डॉ भानु प्रताप नवरंगे, राजेन्द्र तोंडर, आनिल टण्डन, खेलन टण्डन, डॉ सत्रुहन रात्रे, तोरण जोशी, तीजन जांगड़े, राजेश टण्डन, राजा राज बंजारे दसरथ ब्रिजले, सहित सैकड़ों लोग उपस्थित थे।

Tags

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *