क्या हुआ जब डॉ. रमन सिंह ने पूछा कौन-कौन फलाहारी है?

विधानसभा में हमेशा राजनीतिक मुद्दों पर बात हो ऐसा नहीं है, राजनेता कभी हंसी-ठिठोली के मूड में भी रहते है. और एक ऐसा ही नज़ारा छत्तीसगढ़ विधानसभा के विशेष सत्र के दौरान नजर आया. जहाँ मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह और सत्यनारायण शर्मा के बीच चुटीली-टीका टिप्पणी चलती रही.

अनुपूरक बजट पेश करने के दौरान अचानक डॉ. रमन सिंह ने कहा की आज नवरात्रि पर भोजन की व्यवस्था है नवरात्रि को देखते हुए फलाहारी की व्यवस्था की गई है, यहाँ कौन-कौन फलाहारी है? उनकी इतनी सी बात सुन कर विधानसभआ अध्यक्ष सहित सभी हंस पड़े और वातावरण खुशनुमा हो गया.

मुख्यमंत्री ने धान के बोनस का जिक्र करते हुए विपक्षी दलों पर कटाक्ष किया. मुख्यमंत्री ने कहा कि “बोनस की घोषणा के पहले सामने बैठे लोगो के चेहरे खिले हुए थे, खिल-खिलकर बोनस की मांग करते थे, अब घोषणा के बाद एक ही मुद्दा था, उनके हाथ वो भी निकल गया, देखो कैसे उदास बैठे है, मुस्कुराइए बोनस मिल रहा है भाई”

मुख्यमंत्री के इस तंज पर सत्यनारायण शर्मा ने जवाब दिया और कहा

“तीन साल का बोनस कहां है ? आप तो पहले अपने नाम के आगे बाबा लगाना बन्द करो, बाबा लोगो का टाइम ठीक नहीं चल रहा है “

इस पर मुख्यमंत्री ने जो फौरी जवाब दिया…उसे सुनकर तो पूरा सदन हंसी में डूब गया। मुख्य मंत्री ने कहा

आप बाबा मेरे को बोलते हो और नज़र अपने तरफ के बाबा की तरफ क्यों रखते हो ?

Back to top button