छत्तीसगढ़

डॉ. अंबेडकर सामुदायिक भवन : जीर्णोद्धार से खुश ग्रामीणों ने जनदर्शन में पहुँचकर कलेक्टर को दिया धन्यवाद

जीर्णोद्धार की खुशी में बाबा साहब की जयंती अवसर पर भवन में मनाएंगे कार्यक्रम, सितंबर में जनदर्शन में दिया था आवेदन, मार्च महीने तक जीर्णोद्धार का काम पूरा

राजनांदगांव : दस साल पहले तत्कालीन सरपंच द्वारा डॉ. अंबेडकर सामुदायिक भवन का त्रुटिपूर्ण निर्माण किये जाने से ग्रामीण इसका उपयोग नहीं कर पा रहे थे। कलेक्टर भीम सिंह ने जनदर्शन में सितंबर माह में आये इमारत के जीर्णोद्धार संबंधित इस आवेदन पर गंभीरता से कार्य करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। गाँव के डॉ. अंबेडकर नवयुवक समिति के उत्साहित युवा आज जनदर्शन में कलेक्टर से मिलने आए। उनसे कहा कि भवन के पुन: अच्छी तरह बन जाने से हम लोगों में बहुत खुशी है। आपने हमारे आवेदन पर इतनी तत्परता दिखाई और भवन के प्रति हमारी भावनाओं को समझा, इसके लिए धन्यवाद ज्ञापन करने हम सब यहाँ पहुँचे हैं।

खुशी इतनी ज्यादा है कि हम लोगों ने भवन में ही बाबा साहब की जयंती अवसर पर कार्यक्रम रखा है जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में सांसद महोदय एवं आपको आमंत्रित करने का निश्चय किया है। कलेक्टर ने ग्रामीणों को बधाई देते हुए कहा कि आप लोगों की जागरूकता की वजह से ही इमारत का जीर्णोद्धार हो सका है। जहाँ शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में खामियाँ पाई जाती हैं वहाँ ग्रामीण अगर इस संबंध में अवगत कराते हैं तो प्रशासन द्वारा इस संबंध में कार्रवाई की जाती है। जनदर्शन इस संबंध में सबसे अच्छा माध्यम है जिसमें आपके आवेदनों के निराकरण की नियमित रूप से समीक्षा की जाती है।

डॉ. अंबेडकर
डॉ. अंबेडकर

उल्लेखनीय है कि दस साल पहले डोंगरगढ़ ब्लॉक के ग्राम पंचायत सलौनी के आश्रित गाँव छपारा में वर्ष 2007 में एक ऐसा अंबेडकर भवन सरपंच ने बनाया था जिसके चैनल गेट में रोलर नीचे की ओर नहीं, ऊपर की ओर लगा दिया था अर्थात मुख्य द्वार को उल्टा लगा दिया गया था। स्लैब ढलाई में लापरवाही के चलते छत में दरारें आ गई थीं। डॉ. अंबेडकर नवयुवक समिति के लोगों ने इसे इस्तेमाल करने से मना कर दिया था, स्थानीय स्तर पर समिति के युवक बार-बार इसकी जीर्णोद्धार की माँग रख चुके थे लेकिन बजट की पूरी राशि व्यय हो जाने से इस पर काम नहीं हो पा रहा था।

युवकों ने जनदर्शन में कलेक्टर भीम सिंह से इस संबंध में 22 सितंबर 2017 को आवेदन किया। कलेक्टर ने इस आवेदन पर अविलंब कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गुणवत्ताहीन निर्माण के चलते वसूली गई राशि अथवा जनपद पंचायत के ब्याज की राशि से इसका मरम्मत करा कार्यालय को अवगत कराएं। समिति के अध्यक्ष अजय सहारे ने बताया कि डोंगरगढ़ के वर्तमान सीईओ वीरेंद्र सिंह ने भी इमारत के जीर्णोद्धार में सक्रिय भूमिका निभाई।

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