लद्दाख के लेह में आज सुबह महसूस किए गए भूकंप के झटके

पिछले कुछ समय से जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में कई बार भूकंप के झटके महसूस किए जा रहे

लद्दाख:लद्दाख के लेह में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. नेशनल सेंंटर फॉर सीस्मोलॉजी  से मिली जानकारी के अनुसार रिक्टर पैमाने पर इस भूकंप की तीव्रता 4.6 मापी गई है. अभी किसी नुकसान की कोई सूचना नहीं है.

नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसार, भूकंप 18 किलोमीटर की गहराई पर आया. पिछले कुछ समय से जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में कई बार भूकंप के झटके महसूस किए जा रहे हैं. इससे पहले, पिछले महीने लद्दाख में लगातार दो दिन भूकंप के झटके महसूस किए गए थे.

वहीं, इस महीने देश के अलग-अलग इलाकों में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. 24 जून की सुबह 11:57 बजे महाराष्ट्र के पालघर में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे. भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 3.7 मापी गई थी. 21 जून की रात 10:14 बजे अरुणाचल प्रदेश के तवांग में भूकंप के झटके आए थे, जिनकी रिक्टर स्केल पर तीव्रता 4.6 थी और गहराई 70 किलोमीटर थी.

वहीं, 20 जून को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी भूकंप के हल्के झटके महसूस किए गए थे, जिनकी तीव्रता रिक्टर पैमाने पर इसकी 2.1 रही. इससे पहले, 19 जून की देर रात पूर्वोत्तर के दो राज्यों अरुणाचल प्रदेश और मणिपुर में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए थे.

क्यों आता है भूकंप?

पृथ्वी कई लेयर में बंटी होती है और जमीन के नीचे कई तरह की प्लेट होती है. ये प्लेट्स आपस में फंसी रहती हैं, लेकिन कभी-कभी ये प्लेट्स खिसक जाती है, जिस वजह से भूकंप आता है. कई बार इससे ज्यादा कंपन हो जाता है और इसकी तीव्रता बढ़ जाती है.

भारत में धरती के भीतर की परतों में होने वाली भोगौलिक हलचल के आधार पर कुछ जोन तय किए गए हैं और कुछ जगह यह ज्यादा होती है तो कुछ जगह कम. इन संभावनाओं के आधार पर भारत को 5 जोन बांटा गया है, जो बताता है कि भारत में कहां सबसे ज्यादा भूकंप आने का खतरा रहता है. इसमें जोन-5 में सबसे ज्यादा भूकंप आने की संभावना रहती है और 4 में उससे कम, 3 उससे कम होती है.

भूकंप आने पर क्या करें, क्या न करें?

1. जैसे ही आपको भूकंप के झटके महसूस हों, वैसे ही आप किसी मजबूत टेबल के नीचे बैठ जाएं और कस कर पकड़ लें.
2. जब तक झटके जारी रहें या आप सुनिश्चित न कर लें कि आप सुरक्षित ढंग से बाहर निकल सकते हैं, तब तक एक ही जगह बैठे रहें.
3. अगर आप ऊंची इमारत में रहते हैं तो खिड़की से दूर रहें.
4. अगर आप बिस्‍तर पर हैं तो वहीं रहें और उसे कसकर पकड़ लें. अपने सिर पर तकिया रख लें.
5. अगर आप बाहर हैं तो किसी खाली स्‍थान पर चले जाएं… यानी बिल्डिंग, मकान, पेड़, बिजली के खंभों से दूर.

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