छत्तीसगढ़

ओपीजेयू में एलईडी लाइटिंग के महत्त्व एवं अनुसंधान कैसे करें’ विषय पर विशिष्ट अतिथि व्याख्यान का आयोजन

रायगढ़ : एलईडी लाईट के विस्तारित जीवनकाल, कम ऊर्जा की खपत और कम रखरखाव जैसी आवश्यकताओं ने पारंपरिक लाईट एवं उसके उपकरणों की खपत को कम कर बाजार से लगभग हटा दिया है। एलईडी रोशनी पारंपरिक फ्लोरोसेंट और हलोजन विकल्पों की तुलना में लगभग 50 प्रतिशत कम बिजली का उपयोग करती हैं, जिसके परिणामस्वरूप पर्याप्त ऊर्जा लागत बचत होती है, विशेष रूप से विस्तारित अवधि के लिए रोशनी वाली जगहों के लिए। आधुनिक युग में एलईडी लाइटिंग के महत्व को ध्यान में रखते हुए, ओपी जिंदल विश्वविद्यालय, रायगढ़ के स्कूल ऑफ साइंसेज के भौतिकी विभाग ने बीएससी, एमएससी, शोध-छात्रों एवं प्राध्यापकों के लिए ‘एलईडी लाइटिंग एन्ड मोटिवेशन फॉर रिसर्च’ विषय पर अतिथि व्याख्यान का आयोजन 30 नवंबर 2018 को किया। डॉ. एस. धोबले, प्रोफेसर, भौतिकी विभाग, आरटीएम नागपुर विश्वविद्यालय, नागपुर ने प्रमुख वक्ता के रूप में व्याख्यान दिया और एलईडी लाईट के विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत चर्चा की ।

एलईडी लाईट के बारे में बात करते हुए डॉ. धोबले ने कहा कि एलईडी लाईट एनर्जी एफ्फिसिएंट है और परंपरागत बल्बों के विपरीत, जो सभी दिशाओं में प्रकाश और गर्मी को उत्सर्जित करती है, एक विशिष्ट दिशा में लक्ष्यित रौशनी प्रदान करती हैं जिससे ऊर्जा का अपव्यय कम हो जाता है। उन्होंने यह भी बताया कि डीओई (DOE) का अनुमान है कि 2030 तक एलईडी लाइटिंग प्रति वर्ष 190 टेरवाट बिजली बचा सकती है। व्याख्यान बहुत ही संवादात्मक था और प्रतिभागियों को एलईडी रोशनी के विभिन्न पहलुओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गयी ।

1 दिसंबर, 2018 को, डॉ धोबले ने ओपी जिंदल विश्वविद्यालय के शोध-छात्रों के लिए शोध पत्र लेखन, सारांश लेखन, परियोजना लेखन और गैप पहचान पर एक घंटे का विशेष व्याख्यान दिया। सत्र के अंत में, भौतिकी के प्रमुख विभाग डॉ. जी. सी. मिश्रा ने कहा कि व्याख्यान छात्रों और प्राध्यापकों दोनों के लिए फायदेमंद था । उन्होंने सभी प्रतिभागियों एवं कार्यक्रम सहयोगियों को उनके सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। समसामयिक विषय-विशेष पर सफलतापूर्वक व्याख्यान आयोजित करने के लिए ओपी जिंदल विश्वविद्यालय, रायगढ़ के प्रो-वाईस चांसलर एवं कुलसचिव डॉ. आर. डी. पाटीदार तथा स्कूल ऑफ़ इंजीनियरिंग के डीन डॉ. पी. एस. बोकारे ने आयोजकों को बधाई दिया।