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कांग्रेस के आरोपों को फेसबुक ने सिरे से नकारा, कहा- हमारा प्लेटफॉर्म किसी का पक्ष नहीं लेता

फेसबुक ने कहा है कि हम गैर-पक्षपाती हैं और यह सुनिश्चित करने का प्रयास करते हैं कि हमारे प्लेटफॉर्म एक ऐसी जगह बने रहें जहां लोग खुद को स्वतंत्र रूप से व्यक्त करें। हम पूर्वाग्रह के आरोपों को गंभीरता से लेते हैं और सभी रूपों में घृणा और कट्टरता की निंदा करते हैं।

कांग्रेस ने हाल ही में फेसबुक पर भाजपा के साथ सांठगांठ का आरोप लगाते हुए कंपनी के सीईओ मार्क जुकरबर्ग को पत्र लिखा था। वहीं, अब इसपर फेसबुक ने जवाब दिया है। फेसबुक ने कहा है कि हम गैर-पक्षपाती हैं और यह सुनिश्चित करने का प्रयास करते हैं कि हमारे प्लेटफॉर्म एक ऐसी जगह बने रहें जहां लोग खुद को स्वतंत्र रूप से व्यक्त करें। हम पूर्वाग्रह के आरोपों को गंभीरता से लेते हैं और सभी रूपों में घृणा और कट्टरता की निंदा करते हैं।

दरअसल, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने फेसबुक के सीईओ मार्क जुकरबर्ग को चिट्ठी लिखी थी। इसमें वॉल स्ट्रीट जर्नल के आलेख का जिक्र किया गया। वेणुगोपाल ने कहा कि फेसबुक इंडिया की कर्मचारी अंखी दास ने चुनाव संबंधी कार्यों में भाजपा को मदद पहुंचाई थी। ऐसे में कांग्रेस फेसबुक इंडिया ऑपरेशन की जांच की मांग करती है।
वेणुगोपाल ने कहा था कि इस मामले की उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए और इसकी रिपोर्ट सबके सामने आनी चाहिए। उन्होंने कहा था कि तब तक फेसबुक अपनी इंडिया शाखा के लिए एक नई टीम को गठित करे।

वेणुगोपाल ने फेसबुक के संस्थापक को लिखे पत्र में इस मामले का हवाला दिया था और कहा था कि इससे कांग्रेस को बहुत निराशा हुई है। उन्होंने जुकरबर्ग को सुझाव दिया कि फेसबुक मुख्यालय की तरफ से उच्च स्तरीय जांच आरंभ की जाए और एक या दो महीने के भीतर इसे पूरा कर जांच रिपोर्ट कंपनी के बोर्ड को सौंपी जाए। इस रिपोर्ट को सार्वजनिक भी किया जाए।

वेणुगोपाल ने यह आग्रह भी किया था कि जांच पूरी होने और रिपोर्ट सौंपे जाने तक फेसबुक की भारतीय शाखा के संचालन की जिम्मेदारी नई टीम को सौपीं जाए ताकि जांच की प्रक्रिया प्रभावित नहीं हो।

गौरतलब है कि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी इस लेख के हवाले से भाजपा पर हमला बोल चुके हैं। कांग्रेस नेता ने भाजपा और आरएसएस पर आरोप लगाते हुए कहा, इन्होंने फेसबुक और वॉट्सएप पर पूरी तरह से कब्जा कर लिया है। इनका मकसद सोशल मीडिया की मदद से समाज में नफरत घोलना है।

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