फोनी तूफान का असर, ओड़ीशा मे अब तक 16 लोगों की मौत

फोनी तूफान का असर, ओड़ीशा मे अब तक 16 लोगों की मौत

ओडिशा में चक्रवाती तूफान फानी की चपेट में आकर मरने वालों की संख्या बढ़कर 16 पहुंच गई है. राज्य के लगभग 10,000 गांवों और 52 शहरी क्षेत्रों में युद्धस्तर पर राहत और पुनर्वास के काम शुरू किए गए हैं. इस तूफान से करीब एक करोड़ लोग प्रभावित हुए हैं.

यह चक्रवाती तूफान काफी शक्तिशाली माना जा रहा है और तटीय क्षेत्र पुरी में शुक्रवार को टकराया था. माना जा रहा है कि यह चक्रवात गर्मी के दिनों में आने वाले चक्रवातों में दुर्लभ से दुर्लभतम श्रेणी का है. फिलहाल राहत बचवा का काम चल रहा है, लेकिन अभी मेडिकल एग्जाम नीट टाल दिया गया है.

अधिकारियों ने न्यूज एजेंसी को बताया कि 240 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रहे इस भीषण चक्रवाती तूफान की वजह से शुक्रवार को पुरी में तेज बारिश और आंधी आई. तूफान के कमजोर पड़ने और पश्चिम बंगाल में घुसने से पहले इसकी चपेट में आए कस्बों और गांवों में कई घरों की छतें उड़ गईं और कई मकान पूरी तरह से टूट गए.

इससे पहले 1999 में सुपर साइक्लोन आया था जिसकी वजह से दस हजार लोगों की मौत हो गई थी और एक बहुत बड़े इलाके में काफी तबाही आई थी. मरने वाले 16 लोगों में से मयूरभंज से चार, पुरी, भुवनेश्वर और जाजपुर में तीन-तीन और क्योंझर, नयागढ़ और केंद्रपाड़ा में एक-एक व्यक्ति शामिल हैं.

प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करने के लिए रवाना होने से पहले ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने कहा कि सामाजिक संगठन, एनडीआरएफ, ओडिशा आपदा त्वरित कार्रवाई बल (ओडीआरएएफ) के कर्मचारी और एक लाख अधिकारियों के साथ लगभग 2,000 इमरजेंसी कर्मचारी पीड़ित लोगों की मदद में लगे हुए हैं.

ताज़ा हिंदी खबरों के साथ अपने आप को अपडेट रखिये, और हमसे जुड़िये फेसबुक और ट्विटर के ज़रिये

Back to top button