मध्यप्रदेश

हौसले है मजबूत, दोनों हाथ नहीं हैं लेकिन पैरों से चलाती हैं कंप्यूटर

25 वर्षीय निधि गुप्ता आमगांव के सरकारी अस्पताल में कम्प्यूटर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत हैं।

वह जन्म से दिव्यांग है। उसके दोनों हाथ नहीं हैं, लेकिन उसमें इस जन्मजात दिव्यांगता से लड़ने, आजादी पाने का जज्बा है। अपने हौसले से वह खुद के पैरों पर खड़ी है।

किसी काम के लिए वह मोहताज नहीं है। यह युवती है नरसिंहपुर जिले के छोटे से गांव हर्दगांव की निधि गुप्ता। यह पैरों से ही कंप्यूटर व लैपटॉप चलाती हैं और लिखने का भी काम कर लेती हैं। 25 वर्षीय निधि गुप्ता आमगांव के सरकारी अस्पताल में कम्प्यूटर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत हैं।

गोबरगांव पंचायत के तहत आने वाले ग्राम हर्दगांव निवासी संतोष-शशि गुप्ता की बेटी निधि के जन्म से ही दोनों हाथ नहीं हैं। गांव में प्राइमरी तक की शिक्षा लेने के बाद निधि ने गाडरवारा कॉलेज से कला संकाय से ग्रेजुएशन और आईटीआई की।

वह कम्प्यूटर कोर्स के बाद वह पैरामेडिकल कोर्स भी कर रही हैं। निधि अपने और घर के सभी कार्य भी पैरों की सहायता से कुशलता से कर लेती हैं।

अप्रैल 2017 से है कम्प्यूटर ऑपरेटर

निधि कहतीं हैं कि अप्रैल 2017 से वह आमगांव अस्पताल में कम्प्यूटर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत है लेकिन यह नौकरी स्थाई नहीं है। निधि के कार्य और उनके हौसले को लेकर करेली बीएमओ डॉ. विनय ठाकुर कहते हैं कि रोगी कल्याण समिति से उनकी नियुक्ति हुई है और वह कुशलता से कार्य कर लेती हैं। वह कभी करेली तो कभी आमगांव में सेवाएं देती हैं।

 

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