मोदी के मन की बात, रन फॉर यूनिटी में शामिल हों देशवासी

पिछले संस्करण में किया था सर्जिकल स्ट्राइक का जिक्र

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिवसीय यात्रा पर जापान पहुंच चुके हैं। वहां वह जापान के पीएम शिंजो आबे से मुलाकात कर चीन पर रणनीतिक चर्चा करेंगे। मगर, इसके साथ ही उन्होंने आज 49वीं बार अपने रेडियो कार्यक्रम मन की बात के जरिए देश को संबोधित किया।

कार्यक्रम का प्रसारण आकाशवाणी और अन्य रेडियो चैनलों पर हो रहा है। मन की बात के इस संस्करण में प्रधानमंत्री मोदी ने सरदार पटेल की प्रतिमा- स्टेच्यू आॅफ लिबर्टी का जिक्र किया। पीएम मोदी ने इस दौरान लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल को नमन किया। उन्होंने देशवासियों से 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती पर रन फॉर यूनिटी में शामिल होने की अपील की।

प्रियदर्शनी इंदिरा गांधी को किया याद

इसके साथ ही 31 अक्टूबर को पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि है। अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी उन्हें भी याद किया। मोदी ने अपने संबोधन में कहा- 31 अक्टूबर हम सबके प्रिय सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती और हर वर्ष की तरह के लिए देश का युवा एकता के लिए दौड़ने को तैयार हो गया है। मेरा आग्रह है कि आप सभी बड़ी संख्या में एकता की इस दौड़ में भाग लें।

बता दें कि यह स्टैच्यू अमेरिका की स्टैच्यू आॅफ लिबर्टी से दोगुनी है। उन्होंने कहा कि इससे हर देशवासियों को गर्व का अनुभव होगा। इसके साथ ही मोदी ने कहा कि 27 जनवरी 1947 को विश्व की प्रसिद्ध टाइम मैग्जीन ने जो संस्करण प्रकाशित किया था, उसके कवर पेज पर सरदार पटेल का फोटो लगा था। अपनी लीड स्टोरी में उन्होंने भारत का एक नक्शा दिया था और ये वैसा नक्शा नहीं था जैसा हम आज देखते हैं।

खिलाड़ियोंं पर भी बोले पीएम

पीएम मोदी ने कहा कि जकार्ता में पैरा एथलीट से मुलाकात की। इन खेलों में 72 मेडल्स जीतकर भारत ने एक नया रिकॉर्ड कायम किया है। हॉकी में भारत का सुनहरा इतिहास है। भारत ने कई महान हॉकी खिलाड़ी पैदा किए हैं। आज भी हॉकी में कई नौजवान खिलाड़ी देश का नाम रौशन कर रहे हैं। ऐसी अनगिनत जीवन कथाएं प्रेरणा का स्रोत है, हर युवा खिलाड़ी उसका जज्बा, न्यू इंडिया की पहचान है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि जिस तरह खेल जगत में, स्प्रिट, स्ट्रेंथ, स्किल, स्टेमिना- ये सारी बातें बहुत महत्वपूर्ण हैं और एक खिलाड़ी की सफलता की कसौटी होते हैं, उसी तरह यही चारों गुण किसी राष्ट्र के निर्माण के लिए भी महत्वपूर्ण होते हैं। सी भी देश के युवाओं के भीतर अगर ये सभी गुण हों तो वो देश न सिर्फ अर्थव्यवस्था, विज्ञान और टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में तरक्की करेगा, बल्कि खेलों में भी अपना परचम लहराएगा।<>

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