छत्तीसगढ़

भारतीय वायु सेना एवं सीआरपीएफ के जवानो के जज़्बे को मैं नमन करता हूँ : राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री जयसिंह अग्रवाल

रतनपुर खूंटाघाट का वेस्टवियर इन दिनों अपने पूरे उफान पर

अरविंद
कोरबा 17 अगस्त 2020
– भारतीय वायु सेना के जवानों ने खूंटाघाट (रतनपुर) के तेज बहाव में फंसे युवक को बचाकर समर्पण, बहादुरी और मानवता की मिसाल पेश की है। इसी प्रकार सुकमा में भी बारिश के वजह से देर तक जवान का शव (अस्पताल में इलाज के दौरान हुई मौत) परिजन तक नहीं पहुच सका था ऐसे में सीआरपीएफ के जवानो ने पैदल ही कंधे पर ताबूत रखकर नदी पार कर परिजनों को शव सौपकर जवानों ने मानवता दिखाई है। उनके जज़्बे को प्रदेश के राजस्व एवं आपदा प्रबन्धन मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने नमन करते हुए कहा है कि आप हो तो हम हैं आपके जज्बे को मैं सलाम करता हूँ।

गौरतलब है कि रविवार की शाम खूंटाघाट वेस्ट वियर में छलांग लगाने के बाद तेज बहाव के बीच फंसे युवक को सोमवार की सुबह सेना के हेलीकॉप्टर की मदद से बचाया गया। प्रशासन की पहल पर सोमवार सूरज निकलते ही हेलीकॉप्टर खूंटाघाट पहुंचा, और करीब 14 घंटे से फंसे युवक को बचा लिया गया, इस बीच खूंटाघाट डेम लोगों की तालियों और जय हिन्द, जय छत्तीसगढ़ के नारों से गूंज उठा। रतनपुर के खूंटाघाट के वेस्टवियर के तेज बहाव में रविवार से बीते 14 घण्टे से फंसे युवक को सेना के हेलीकाप्टर की मदद से आज सुबह सकुशल बाहर निकाल लिया गया।

रतनपुर खूंटाघाट का वेस्टवियर इन दिनों अपने पूरे उफान पर

रतनपुर खूंटाघाट का वेस्टवियर इन दिनों अपने पूरे उफान पर है और आस पास ही क्या दूर दूर से लोग यहां ये नजारा देखने पहुंच रहे हैं। ये युवक भी कल यहां अपने दोस्तों के साथ आया था, और नहाने के लिए इस उफनते पानी में कुद गया फिर क्या था इतने तेज बहाव वाले पानी में वो फंस गया और ऐसा फंसा की बाहर नहीं आ पाया। उसकी किस्मत तेज थी जो वो बहते हुए एक बड़े पत्थर की आड़ में आ गया तथा वहीं पास ही एक पेड़ की डालियां उसका सहारा बन गई जिसके सहारे उसने कल शाम से पूरी रात गुजारी।

भारतीय वायु सेना एवं सीआरपीएफ के जवानो के जज़्बे को मैं नमन करता हूँ :जयसिंह अग्रवाल

इस युवक के वेस्टवियर में फंसे होने की जानकारी मिलते ही प्रशासन यहां पहुंच गया था । प्रशासन ने अंधेरा होते देख ये अच्छा काम किया था, कि वहां रोशनी का तथा माइक  इंतजाम कर दिया था पूरी रत युवक को माइक पर आवाज देकर हौसला बनाये रखा। रात के अंधेरे में बहाव और तेज तथा डरावना हो गया था और सभी सुबह होने का इंतजार करने लगे कि कब उजाला हो। बिलासपुर कलेक्टर सारांश मित्तर ने हेलीकाप्टर की मदद के लिए पहल की, जिससे युवक को बाहर निकाला जा सकता था। आज तड़के सुबह रायपुर वायु सेना की हेलीकाप्टर बुलाया गया  तथा हेलीकाप्टर से रस्सी की सीढ़ियां नीचे लटकाई गई और लगभग 14 घंटों से पेड़ की डाली पकड़े युवक ने रस्सी पकड़ ली, और उसके बाद सकुशल युवक को हेलीकाप्टर में खींच लिया गया। अभी युवक का इलाज रायपुर के रामकृष्ण केयर अस्पताल में चल रहा है।

जिला अस्पताल में इलाज के दौरान एक जवान ने अंतिम सांस ली

वही दूसरी तरफ सुकमा जिला अस्पताल में इलाज के दौरान एक जवान ने अंतिम सांस ली। शव को ले जाने के दौरान बारिश और सड़क डूबने की वजह से दो घंटे जवानों का वाहन फंसा रहा। स्थिति को देखते हुए सीआरपीएफ के जवानो ने कंधा देकर जवान का शव इंजरम नदी के पार पहुंचाया। सीआरपीएफ 219 बटालियन के सेकेंड कमांडेंट मोहन बिश्ट ने जवानों की मदद की। सहायक आरक्षक सोहन ठाकुर लंबे समय से बीमार चल रहे थे। जिला अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। इस बीच रविवार को अचानक उनका निधन हो गया। बाढ़ के खतरे के बीच जवान के शव को परिवार वालों तक पहुंचाया गया। प्रदेश में लगातार हो रही भारी वर्षा से अनेक जिलो में बाढ़ की स्थिति निर्मित है ऐसे समय में हमे बाढ़ की खतरा वाले जगहों में जाने से बचना होगा।

     
राजस्व एवं आपदा प्रबन्धन मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने दोनों ही कार्यो के लिये भारतीय वायु सेना, बिलासपुर जिला प्रशासन एवं सुकमा जिला प्रशासन तथा सुकमा सीआरपीएफ दल को सलाम करते हुए बधाई दी है। आगे ऐसी समस्या आने पर तत्परता रखने कहा है। साथ ही लोगो से अपील किया कि बारिश के समय जलाशयों, नदी, नालों के पास जाते समय पूरी सावधानी बरते।

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button