भारत बंद , कई जगह रोकी गई ट्रेनें, बिहार में चली गोलियां, पुलिसवाले घायल

सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के खिलाफ 2 अप्रैल को दलितों के भारत बंद के विरोध में आज आरक्षण के विरोधियों की तरफ से भारत बंद का अह्वान किया गया है।

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के खिलाफ 2 अप्रैल को दलितों के भारत बंद के विरोध में आज आरक्षण के विरोधियों की तरफ से भारत बंद का अह्वान किया गया है। हालांकि इस बंद के आह्वान के पीछे किसी संगठन या राजनीतिक समूह का नाम अब तक सामने नहीं आया है। नौकरियों और शिक्षा में जाति आधारित आरक्षण के विरोध में में बिहार के आरा में प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए हैं। आरा में लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस व पैसेंजर ट्रेन को रोका दिया गया है। आरा में झड़प की भी खबर है। प्रदर्शन के दौरान फायरिंग की गई, जिससे हंगामे में 6 से 7 पुलिस वालों के भी घायल होने की खबर है। हालात को देखते हुए इलाके में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है और बवाल के बाद 144 धारा लागू कर दिया गया है।

जहानाबाद में भी सुबह बंद समर्थकों ने पटना गया नेशनल हाइवे 83 को बंद करा दिया है। सीतामढ़ी जिले के रुन्नीसैदपुर टोल प्लाजा के पास ट्रक एनएच 77 पर लगाकर भारत बंद के दौरान रोड को जाम किया गया। नेशनल हाइवे पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई है।

इससे पहले दलित संगठनों ने 2 अप्रैल को भारत बंद बुलाया था। दलितों के इस प्रदर्शन में जमकर हिंसा हुई थी। 10 से ज्यादा लोगों की जान चली गई थी। पिछली बार की तरह इस बार कोई बड़ी घटना ना हो इसलिए केंद्र सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद करने और हिंसा रोकने के लिए सभी राज्यों के लिए परामर्श जारी किया है। गृह मंत्रालय ने कहा कि अपने इलाकों में होने वाली किसी भी हिंसा के लिए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होंगे।

बता दें कि सोशल मीडिया पर जाति के आधार पर आरक्षण के खिलाफ ओबीसी और जनरल वर्ग के कई संगठनों ने मंगलवार को भारत बंद का आह्वान किया है। सोशल मीडिया पर इसका प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि वाट्सएप पर इस मैसेज को खूब शेयर किया जा रहा है और लोगों से भारत बंद का समर्थन करने की अपील की जा रही है।
गृहमंत्रालय ने राज्य सरकारों को यह सुनिश्चित करने को कहा है कि इस दौरान किसी तरह की जान-माल का नुकसान नहीं होना चाहिए। यदि किसी क्षेत्र में ऐसा होता है, तो उसके लिए सीधे तौर पर उस इलाके के एसएसपी और डीएम को जिम्मेदार माना जाएगा।

उधर राजस्थान के जयपुर में भी धारा 144 लागू है और आधी रात से इंटरनेट सेवा बंद पर रोक लगी हुई है। बंद की वजह से ज्यादातर स्कूल नहीं खुलेंगे। वहीं झालावाड़ में बंद को प्रशासन ने भ्रामक बताया है।.

यूपी के मेरठ जोन के 6 जिलों में हाई अलर्ट है। गाजियाबाद, इलाहाबाद में धारा 144 लागू है तो वहीं सहारनपुर में मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई। फिरोजाबाद में पहली से 9वीं कक्षा तक के स्कूल को बंद किया गया है।.

उत्‍तर प्रदेश सरकार ने गृह मंत्रालय की एडवाइजरी पर कदम उठाने भी शुरू कर दिए हैं। बताया जा रहा है कि यूपी के हापुड़ में सोमवार शाम 6 बजे से मंगलवार शाम 6 बजे तक के लिए इंटरनेट सेवा पर रोक लगा दी गई है। 10 अप्रैल को भारत बंद बुलाए जाने को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट ने यह आदेश जारी किया है।

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