छत्तीसगढ़राज्य

इंडिया इंटरनेशनल स्कूल द्वारा वार्षिक उत्सव का आयोजन

इंडिया इंटरनेशनल स्कूल द्वारा प्रति वर्ष की भाॅति इस वर्ष भी वार्षिक उत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे रायपुर विकास प्राधिकरण

रायपुर। इंडिया इंटरनेशनल स्कूल द्वारा प्रति वर्ष की भाॅति इस वर्ष भी वार्षिक उत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे रायपुर विकास प्राधिकरण अध्यक्ष एवं भाजपा प्रदेश प्रवक्ता संजय श्रीवास्तव ने कहा कि सत्र की समाप्ति के दौरान एक विशेष उत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसे हम वार्षिक उत्सव कहते हैं। साथ ही वार्षिकोत्सव की सफल आयोजन के लिए बधाई एंव शुभकामनांए दी।

उन्होंने आगे बताया कि भारत संस्कृतियों, धर्मों और मान्यताओं का अनूठा संगम है। भारतीय संस्कृति उन मूल्यों से बनाई गई है जो उसकी आत्मा को संतुष्ट करती हैं। भारत के सामाजिक रीति-रिवाजों, धार्मिक और आध्यात्मिक अवधारणाओं, शिक्षा, साहित्य सभी एक साथ इकट्ठा मिलाकर हम इसे अपनी संस्कृति कहते हैं।

संगीत, नृत्य, चित्रकला, मूर्तिकला और कृषि, विज्ञान, और उद्योग सहित सभी क्षेत्र सदियों से अपनी पुरानी परम्पराओं का पालन करते हैं।

श्रीवास्तव ने आगे कहा कि मुझे बच्चों के बीच उपस्थित होने में अत्यन्त हर्ष का अनुभव हो रहा है। बालक का पूर्ण रूपेण सर्वागीण विकास करना ही शिक्षा का उद्देश्य है। बाल्यावस्था में ही सभी वस्तुओं का ज्ञान होना चाहिये जिसका उपयोग नित्य-प्रति व्यवहारिक जीवन में होता है ।

इसलिये विद्यालय में बालक के लिए वे सभी अवसर उपलब्ध कराये जिनका लाभ उठाकर वह पाठ्य-पुस्तको के अतिरिक्त व्यवहारिक ज्ञान को प्राप्त करता है ।

श्रीवास्तव ने कहा कि भारत विभिन्न संस्कृतियों, भाषाओं, और धर्मों के संगम को प्रस्तुत करते हैं एकता भारतीय संस्कृति की ताकत है। भारतीय युवाओं को विभिन्न सांस्कृतिक प्रवृत्तियों से जुड़े होने पर गर्व महसूस करना चाहिए और उन्हें अक्सर अपने स्कूलों, कॉलेजों और संस्थानों में भारतीय सांस्कृतिक का प्रदर्शन करने के लिए उनका उत्साह को बढ़ाना चाहिए।

Summary
Review Date
Reviewed Item
इंडिया इंटरनेशनल स्कूल द्वारा वार्षिक उत्सव का आयोजन
Author Rating
51star1star1star1star1star
Tags
jindal

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.