सिंधु, श्रीकांत, और समीर प्री क्वार्टर फाइनल में, शुभंकर ने किया उलटफेर

नई दिल्ली : भारत की दिग्ग्ज खिलाड़ी और दूसरी वरीय पीवी सिंधु ने बुधवार को यहां एकतरफा जीत के साथ योनेक्स सनराइज इंडिया ओेपन 2019 के महिला एकल के प्री क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई लेकिन तीसरे वरीय किदांबी श्रीकांत को पुरुष एकल के दूसरे दौर में जगह बनाने के लिए काफी पसीना बहाना पड़ा। दिन का सबसे बड़ा उलटफेर भारत के दुनिया के 44वें नंबर के खिलाफ शुभंकर डे ने किया, जिन्होंने चौथे वरीय और दुनिया के नौवें नंबर के खिलाड़ी इंडोनेशिया के टामी सुगियार्तो को एक घंटा और 18 मिनट चले मुकाबले में 14-21 22-20 21-11 से हराया।

पांचवें वरीय समीर वर्मा, बी साई प्रणीत और एचएस प्रणय भी इंदिरा गांधी स्टेडियम के केडी जाधव इंडोर हाल में चल रही प्रतियोगिता के पुरुष एकल के दूसरे दौर में प्रवेश करने में सफल रहे लेकिन पिछले कुछ समय से चोटों से परेशान आरएमवी गुरुसाईदत्त को हार का सामना करना पड़ा। महिला एकल में रिया मुखर्जी भी अगले दौर में पहुंची।

दुनिया की छठे नंबर की खिलाड़ी सिंधु ने पहले दौर के एकतरफा मुकाबले में हमवतन भारतीय मुग्धा अग्रे को सिर्फ 23 मिनट में 21-8 21-13 से हराया। वह अगले दौर में हांगकांग की डेंग जाय शुआन से भिड़ेंगी जिन्होंने इंडोनेशिया की लेनी एलेसांद्रा मेनकाय को सीधे गेम में 21-12 21-13 से बाहर किया।

सिंधु ने मैच के बाद स्वीकार किया कि मुग्धा के खिलाफ मुकाबला उनके लिए तुलनात्मक रूप से आसान रहा। उन्होंने कहा, ”मुकाबला तुलनात्मक रूप से आसान रहा। वह (मुग्धा) अच्छा खेली लेकिन मुझे जीत दर्ज करने में अधिक परेशानी नहीं हुई। दुनिया के सातवें नंबर के खिलाड़ी श्रीकांत को हालांकि हांगकांग के वोंग विंग की विन्सेंट को 56 मिनट में 21-16 18-21 21-19 से हराने के लिए काफी जूझना पड़ा। वह तीसरे और निर्णायक गेम में एक समय 11-17 से पीछे चल रहे थे लेकिन इसके बाद वापसी करते हुए जीत दर्ज करने में सफल रहे। अगले दौर में उनका सामना चीन के ल्यू गुआंग्झू से होगा जिन्होंने हमवतन झाओ जुनपेंग को तीन गेम तक चले कड़े मुकाबले में 21-10 20-22 21-14 से शिकस्त दी।

श्रीकांत ने मैच के बाद स्वीकार किया कि उन्होंने काफी गलतियां की। उन्होंने कहा, ”आखिरी दो गेम में मैंने काफी गलतियां की लेकिन भाग्यशाली रहा कि निर्णायक गेम में 11-17 से पिछड़ने के बाद जीत दर्ज करने में सफल रहा। ड्रिफ्ट के कारण भी परेशानी का सामना करना पड़ा।”

Back to top button