छत्तीसगढ़

कलेक्टर के राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक में निर्देश

राजनांदगांव : कलेक्टर श्री भीम सिंह ने जिले में लंबित राजस्व प्रकरणों को गंभीरता से लेते हुए एक माह से अधिक से लंबित सभी प्रकरणों का निराकरण आगामी 30 जुलाई तक करने के निर्देश राजस्व अधिकारियों को दिये हैं। प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही बरतने या उन्हें अकारण लंबित रखने पर कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों के विरूद्ध कार्रवाई की भी चेतावनी दी है। कलेक्टर श्री भीम सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष राजनांदगांव में जिले की राजस्व अधिकारियों की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कलेक्टर ने राजस्व विभाग के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान अपर कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल एवं श्री जेके धु्रव सहित जिले के सभी राजस्व अनुविभागीय अधिकारी एवं राजस्व अधिकारीगण उपस्थित थे।

बैठक में कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों से प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के कार्यों की प्रगति की जानकारी लेते हुए शत-प्रतिशत कृषकों का बीमा सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। तहसीलदार खैरागढ़ द्वारा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के कार्य में गंभीर लापरवाही बरते जाने पर गहरी नाराजगी जताते हुए उन्हें कड़ी फटकार लगाई और तहसीलदार खैरागढ़ को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए। बैठक में कलेक्टर ने डायवर्सन, आधार सीडिंग, अविवादित नामांतरण, सीमांकन, बंदोबस्त त्रुटि सुधार, नक्शा अद्यतीकरण आदि के अलावा राजस्व अनुविभागीय अधिकारी एवं तहसीलदारों के न्यायालयों में लंबित प्रकरणों के निराकरण की कार्रवाई विस्तृत समीक्षा की।

कलेक्टर श्री भीम सिह ने लंबित राजस्व प्रकरणों के निराकरण की तहसीलवार समीक्षा करते हुए लक्ष्य से कम प्रकरणों के निराकरण करने वाले तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सभी राजस्व अधिकारियों को 30 जुलाई 2017 तक अपने कार्यालयों में एक माह से अधिक लंबित राजस्व प्रकरणों का निराकरण अनिवार्य रूप से करने के निर्देश भी दिए है। कलेक्टर ने 30 जुलाई तक लंबित राजस्व प्रकरणों के निराकरण नहीं करने वाले तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई एवं एक-एक वेतन वृद्धि रोकने की भी चेतावनी दी। डायवर्सन के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए समय सीमा में प्रकरणों का निराकरण के निर्देश दिए। उन्होनें कहा कि समय सीमा में डायवर्सन के प्रकरणों का निराकरण नहीं होने पर संबंधित अधिकारी के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

कलेक्टर ने ई-कोर्ट के प्रकरणों के निराकरण की भी समीक्षा की। उन्होनें लक्ष्य के अनुरूप प्रकरणों का निराकरण नहीं करने वाले तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों को कारण बताओ नोटिस भी जारी करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी राजस्व अनुविभागीय अधिकारियों को इस कार्य का सतत् मानिटररिंग करने के निर्देश भी दिए। इसके साथ ही उन्होनें प्रत्येक सोमवार एवं मंगलवार को पटवारियों के मुख्यालय में उपस्थिति के संबंध में भी जानकारी ली। उन्होनेंं सभी राजस्व अधिकारियों को निर्धारित दिवस को मुख्यालयों में पटवारियों की उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए। कार्य में लापरवाही एवं उदासीनता बरतने वाले पटवारियों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए। ऐसे कर्मचारियों के विरूद्ध विभागीय जांच शुरू कर बर्खास्तगी की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। बैठक में संयुक्त कलेक्टर श्री एमडी तिगाला, डिप्टी कलेक्टर श्री अरविंद पाण्डे सहित तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार उपस्थित थे।

Back to top button