कलेक्टर सख्त, एसडीएम और तहसीलदार के वेतन रोकने के निर्देश

रायगढ़।

कलेक्टर ने जिले के सभी एसडीएम एवं तहसीलदारों की बैठक ली। बैठक में उन्होंने एसडीएम और तहसीलदार का वेतन रोकने का आदेश दिया। माना जा रहा है कि इस तरह की कार्रवाई पहले बार हुई है। राजस्व विभाग की बैठक लेकर मंगलवार को कलेक्टर ने जिले के सभी एसडीएम एवं तहसीलदारों के वेतर रोकने एवं 4 तहसीलदारों को शोकाज नोटिस भी जारी कर दिया है।

कलेक्टर शम्मी आबिदी ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में एसडीएम, तहसीलदार एवं राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेकर सीमांकन, नामांतरण, बटांकन, ई-कोर्ट, डिजीटल हस्ताक्षर, नक्सा दुरूस्तीकरण, सूखा राहत राशि का वितरण, आधार सीडिंग, ईस्काई संचार क्रांति, भू-अर्जन के प्रकरण, मुआवजा राशि आदि लंबित प्रकरणों की विस्तार से गहन समीक्षा की। उन्होंने राजस्व अधिकारियों को सीमांकन, बटांकन, नामांतरण के साथ एक साल से दो वर्ष तक के लंबित प्रकरणों को गंभीरता से लेते हुए समय-सीमा में निराकरण करने के निर्देश दिए।

कलेक्टर आबिदी ने राजस्व अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि लंबित प्रकरणों के निराकरण में समय का विशेष ध्यान रखें। साथ ही पंचायतों के सरपंचों से बकाया राशि एवं राजस्व राशि की वसूली में गति लाने के निर्देश दिए।

समीक्षा के दौरान एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार से लंबित राजस्व प्रकरणों की एक-एक करके जानकारी ली और नक्शा दुरूस्तीकरण, ई-डिजीलाईजेशन, आधार सीडिंग, खसरा, नक्शा का अद्यतनीकरण, डिजीटल सिग्नेचर, सीमांकन, बटांकन, नामांतरण आदि लंबित प्रकरणों की धीमी प्रगति पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी एसडीएम एवं तहसीलदार का वेतन रोकने के लिए कोषालय अधिकारी को निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि जब तक लंबित राजस्व प्रकरणों में प्रगति नहीं दिखेगी तब तक वेतन का भुगतान बिना कलेक्टर के अनुमति से न किए जाए।

उन्होंने अधिकारियों को ई-कोट के अनलाईन प्रकरण एवं मेन्युअल प्रकरण का मिलान करके सही डाटा अपडेट करने के निर्देश दिए है। साथ सूखा राहत राशि का भुगतान किसानों को एक स’ताह के भीतर करने के निर्देश दिए है। कलेक्टर ने सीमांकन, नामांतरण के साथ लंबित प्रकरणों को गंभीरता से नहीं लेने के कारण कापू, पुसौर, रायगढ़ एवं खरसिया के तहसीलदार को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए है।

Back to top button