छत्तीसगढ़

भारत के लिए 50 वां टेस्ट खेलना मेरे लिए बड़े सम्मान की बात है: पुजारा

गाले: भारत के नए भरोसेमंद बल्लेबाज बन गए चेतेश्वर पुजारा ने रविवार को कहा कि देश के लिए 50 वां टेस्ट खेलना बड़ा सम्मान होगा। पुजारा तीन अगस्त से कोलंबो में श्रीलंका के खिलाफ जब दूसरा टेस्ट खेलने उतरेंगे तो यह उनके शानदार करियर का 50 वां टेस्ट होगा। पुजारा अब तक 49 टेस्टों में 52.18 के प्रभावशाली औसत से 3966 रन बना चुके हैं। और उन्हें 4000 रन पूरे करने के लिए सिर्फ 34 रन की जरूरत है।

श्रीलंका के खिलाफ मैच में था शानदार प्रदर्शन
पुजारा के खाते में अब तक 12 शतक और 15 अर्धशतक आ चुके हैं। पहले टेस्ट में शानदार 153 रन बनाकर भारत की 304 रन की जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले पुजारा ने 50 वें टेस्ट की उपलब्धि के लिए कहा कि मेरा अब तक का सफर शानदार रहा है। देश के लिए 50 वां टेस्ट खेलना मेरे लिए बड़े गर्व की बात है। पुजारा ने कहा कि जब मैंने क्रिकेट खेलना शुरू किया था तो मेरा एक ही सपना था कि देश के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलूं। मेरे अपने सफर में उतार चढ़ाव दोनों आए। लेकिन मुझे बहुत खुशी है कि मैं 50 वें टेस्ट की दहलीज पर खड़ा हूं और मैं इस टेस्ट को कुछ रन बनाकर यादगार बनाने की कोशिश करूंगा।

चोट के बाद वापसी करना आसान नहीं था
अपने सफर को याद करते हुए 29 वर्षीय गुजरात के बल्लेबाज ने कहा कि एक समय चोट के कारण मैं लगभग एक साल तक क्रिकेट से बाहर रहा था। वह बड़ा ही मुश्किल समय था लेकिन मैंने अपनी फिटनेस पर मेहनत की और वापसी की। चोट के बाद वापसी करना और रन बनाना आसान नहीं होता है लेकिन मैंने अपनी फिटनेस पर कड़ी मेहनत की ताकि दोबारा चोटिल होने जैसी नौबत न आए। वैसे क्रिकेट में कभी कुछ नहीं कहा जा सकता है।

यादगार पलों को किया सांझा
अपने सबसे यादगार पल के लिए पुजारा ने कहा कि मैंने 2010 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बेंगलुरु में अपना टेस्ट पदार्पण किया था। मेरे लिए सचिन ,गांगुली,द्रविड़ और सहवाग जैसे दिग्गज खिलाडिय़ों के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करना बड़े सम्मान की बात थी। मुझे आज भी वह पल याद है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इस साल की सीरीज जीत को अपने लिए यादगार बताते हुए पुजारा ने कहा कि वह सीरीज काफी मुश्किल थी। मैं अब तक जितनी सीरीज खेला हूं उनमें यह सबसे यादगार जीत थी। मुझे खुशी है कि मैं इस जीत का हिस्सा था।

Back to top button