छत्तीसगढ़ और ओडिशा में हर रोज 50 से 100 टन मेडिकल ऑक्सीजन की आपूर्ति करेगी जेएसपीएल

चेयरमैन नवीन जिंदल ने कहा- ‘पीपल फर्स्ट‘, स्टील उत्पादन पर असर भी पड़े तो मंजूर

रायपुर: देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर के प्रकोप से अस्पतालोें में ऑक्सीजन की कमी हो गई है। ऐसे कठिन समय में जिंदल स्टील एंड पाॅवर लिमिटेड ने एक बार फिर आगे बढ़कर जिम्मेदारी ली है। चेयरमैन श्री नवीन जिंदल ने छत्तीसगढ़ और ओडिशा में समूह के संयंत्रों से 50 से 100 टन मेडिकल ऑक्सीजन की रोजाना आपूर्ति करने की घोषणा की है। कंपनी महामारी की शुरूआत से ही अपने रायगढ़ संयंत्र से मेडिकल काॅलेज को ऑक्सीजन की नियमित आपूर्ति कर रही है।

कोविड-19 महामारी के कहर के साथ ही देश में इसके मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। इससे मेडिकल आॅक्सीजन की कमी हो गई है। संकट के इस समय में जेएसपीएल समूह ने मदद का हाथ बढ़ाते हुए छत्तीसगढ़ और ओडिशा में जरूरत पड़ने पर प्रतिदिन 50 से 100 टन मेडिकल आॅक्सीजन की आपूर्ति की घोषणा की हैै। शनिवार रात ही आपातकालीन स्थिति को देखते हुए रायगढ़ से 16-16 टन मेडिकल आॅक्सीजन की दो खेप रायपुर के लिए रवाना की गई। साथ ही जबलपुर के लिए भी 16-16 टन मेडिकल आॅक्सीजन के साथ दो वाहन रवाना किए गए। संयंत्र पहले से ही रायगढ़ मेडिकल काॅलेज को आॅक्सीजन की नियमित आपूर्ति कर रहा है। कोरोना वायरस की पहली लहर के समय से ही यहां लगातार आॅक्सीजन सिलेंडर भेजे जा रहे हैं।

समूह के चेयरमैन श्री नवीन जिंदल ने आॅक्सीजन की आपूर्ति की घोषणा करते हुए कहा कि संकट के समय समूह अपनी परंपरा के अनुसार देश के साथ खड़ा हुआ है। समूह की सोच हमेशा ‘पीपल फर्स्ट‘ की रही है और इस समय पहली प्राथमिकता आपातकालीन स्थिति में मरीजों तक आॅक्सीजन पहुंचाने की है।

जेएसपीएल के सीओओ-छत्तीसगढ़ श्री दिनेश कुमार सरावगी ने बताया कि महामारी को देखते हुए केंद्र एवं राज्य सरकार तथा जिला प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन करते हुए संयंत्र में कोरोना वायरस से बचाव के पुख्ता इंतजाम किये गये हैं। संयंत्र और काॅलोनी परिसर में कोविड प्रोटोकाॅल का पूरी तरह पालन सुनिश्चित किया जा रहा है।

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