कमलनाथ के रिश्तेदारों, अधिकारियों व नेताओं को तलब करेगा आयकर विभाग

नई दिल्ली : मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के करीबियों से संबधित ठिकानों पर छापेमारी के मामले में आयकर विभाग सीएम के रिश्तेदारों और प्रदेश के अधिकारियों व नेताओं को तलब करने की तैयारी कर रहा है। विभाग ने लोक सभा चुनाव के दौरान 281 करोड़ रुपये के हवाला रैकेट का भंडाफोड़ किया और इसी मामले में इनको नोटिस भेजे जाएंगे।

सूत्रों का कहना है कि आयकर विभाग जल्द ही भोपाल व छिंदवाड़ा में स्थित कमलनाथ के रिश्तेदारों व सहयोगियों को इस मामले की जांच में पेश होने के लिए नोटिस जारी करेगा। इधर चुनाव आयोग भी कांग्रेस पार्टी के उन उम्मीदवारों को नोटिस जारी करता है जिनके नाम आयकर विभाग की जांच में सामने आये हैं। आयकर विभाग ने पिछले महीने दिल्ली और मध्य प्रदेश में 52 स्थानों पर छापेमारी की कार्रवाई की जिसमें उनके नाम सामने आये थे। विभाग ने इस कार्रवाई की रिपोर्ट चुनाव आयोग को सौंप दी है।

सूत्रों का कहना है कि राज्य सरकार के आधा दर्जन अधिकारी, कांग्रेस नेताओं, राज्य सरकार के फेडरेशनों के प्रमुख, बिजनेस समूहों के प्रमोटरों, कमलनाथ के सहयोगियों व करीबियों और पूर्व ओएसडी प्रवीण कक्कड़ व आर के मिगलानी को जांच के लिये तलब किया जा सकता है। सूत्रों ने कहा कि इनमें से कई लोग अब तक चुनाव प्रक्रिया में व्यस्त थे, जिस कारण यह कार्रवाई नहीं हो पायी थी।

सूत्रों ने कहा कि आयकर विभाग की छापेमारी के दौरान मिली हस्त लिखित डायरियों में प्रदेश के कई नेताओं के राज छुपे हैं। इन डायरियों में कई व्यक्तियों के कैश लेन-देन का जिक्र है। इस मामले में अब तक हुई छानबीन में व्यापक स्तर पर मनी लांडिं्रग के संकेत भी मिले हैं। मसलन, एक डायरी में 240 करोड़ रुपये के कैश लेन-देन का ब्यौरा दर्ज है। आयकर विभाग ने इनका विश्लेषण किया है और जो भी असेसी इन मामलों में लिप्त हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। खास बात यह है कि इनमें से कुछ व्यक्तियों ने कैश लेन-देन की बात स्वीकार भी कर ली है।

उल्लेखनीय है कि आयकर विभाग ने हाल में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के करीबियों पर छापेमारी के बाद टैक्स चोरी का बड़ा मामला पकड़ा और 281 करोड़ रुपये के हवाला कांड का भंडाफोड़ किया है। आयकर विभाग ने पिछले महीने इस मामले में एनसीआर में एक सोलर पावर ग्रुप पर भी छापेमारी की थी जिसमें 1350 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी पकड़ी गयी।

इससे पूर्व विभाग ने सात अप्रैल को मध्य प्रदेश में भी कई जगह छापेमारी की थी। आयकर विभाग के मुताबिक इस सोलर पावर ग्रुप के एनसीआर स्थिति ठिकानों से बरामद दस्तावेजों के आधार पर 370 करोड़ रुपये के हवाला लेन-देन, 330 करोड़ रुपये के फर्जी बिलों के लेन-देन और ग्रुप की कंपनियों के बीच 30 करोड़ रुपये के फर्जी लेन-देन पकड़ा गया है। इसके अलावा आयात का मूल्य अधिक दिखाकर 252 करोड़ रुपये की हेराफेरी का मामला भी पकड़ा गया है।

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