राष्ट्रीय

लैपटॉप सीधे चेहरे पर फटा, 5 महीने में हुई 25 सर्जरी

मुंबई : लैपटॉप और मोबाइल फटने की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। रांची निवासी निशांत केडिया के साथ भी पिछले साल ऐसा ही हादसा हुआ था। वह इस कदर गंभीर रूप से घायल हो गए थे कि उन्हें मुंबई के एक अस्पताल में पांच महीने तक भर्ती रहने के साथ ही 25 सर्जरी से गुजरना पड़ा।

पिछले साल दिसंबर में अस्पताल में भर्ती हुए निशांत को डॉक्टरों ने अब छुट्टी दे दी है और वह अपने रांची स्थित घर लौट चुके हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार, निशांत 9 दिसंबर, 2017 की रात को अपने लैपटॉप पर काम कर रहे थे। नींद आने पर लैपटॉप को चार्जिंग में लगा छोड़कर सो गए थे। निशांत की पत्नी ने देर रात को उनके कमरे में धमाके की आवाज सुनी थी।

वह निशांत के कमरे का दरवाजा नहीं खोल पा रही थीं। आखिरकार पड़ोसियों की मदद से दरवाजे को खोला जा सका था। कमरा धुएं से भरा था और आग लगने की वजह से कोई सामान शेष नहीं बचा था। निशांत बुरी तरह झुलस गए थे। उनका चेहरा बुरी तरह से जल गया था। इस हादसे में वह 50 फीसद तक झुलस गए थे। उनका ग्यारह दिनों तक रांची के ही एक नर्सिंग होम में इलाज किया गया था। बाद में उन्हें मुंबई लाया गया था।

ऊपरी हिस्सा बुरी तरह हो गया था जख्मी: डॉक्टरों ने बताया कि निशांत के शरीर पर जख्म इतने गहरे थे कि उन्हें लंबे समय तक आईसीयू में रखना पड़ा था। श्वसन नली के बुरी तरह से झुलसने के कारण उन्हें कई दिनों तक वेंटिलेटर पर रखा गया था। उनका पूरा चेहरा, शरीर का ऊपरी हिस्सा और पैर गंभीर तौर पर जख्मी हो गए थे। कान और नाक को भी व्यापक नुकसान पहुंचा था। इसके बाद उन्हें स्ट्रोक से भी गुजरना पड़ा था। ऐसे में निशांत की स्थिति और गंभीर हो गई थी। अस्पताल से छूटने के बाद निशांत ने कहा, ‘यह चमत्कार ही है कि मैं बच गया। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं इस दिन को कभी देख सकूंगा। मैं अपने बच्चों को देखना चाहता हूं।’ निशांत के दो बेटे हैं। वह सीमेंट का व्यवसाय करते हैं। उनके घायल होने से कामकाज भी प्रभावित हुआ था।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button