नितिन गडकरी का बयान- आरक्षण रोजगार की गारंटी नहीं है क्योंकि नौकरियां कम

महाराष्ट्र में 16 प्रतिशत आरक्षण की मांग को लेकचर मराठा समुदायों का आंदोलन

नई दिल्ली। महाराष्ट्र के औरंगाबाद में नितिन गडकरी से जब आरक्षण के लिए मराठों के वर्तमान आंदोलन व अन्य समुदायों द्वारा पुछे गए जवाब में मोदी सरकार के मंत्री नितिन ने अटपटा बयान देते हुए कहा कि आरक्षण रोजगार की गारंटी नहीं है क्योंकि नौकरियां कम हो रही हैं।

यदि आरक्षण दे दिया जाता है तो भी फायदा नहीं है, क्योंकि नौकरियां नहीं हैं. बैंक में आईटी के कारण नौकरियां कम हुई हैं. सरकारी भर्ती रुकी हुई हैं. नौकरियां कहां हैं?

नितिन गडकरी ने आर्थिक आधार पर आरक्षण की तरफ इशारा करते हुए कहा कि एक ‘सोच’ है जो चाहती है कि नीति निर्माता हर समुदाय के गरीबों पर विचार करें।

उन्होंने कहा कि एक सोच कहती है कि गरीब गरीब होता है, उसकी कोई जाति, पंथ या भाषा नहीं होती. उसका कोई भी धर्म हो, मुस्लिम, हिंदू या मराठा (जाति), सभी समुदायों में एक धड़ा है जिसके पास पहनने के लिए कपड़े नहीं है, खाने के लिए भोजन नहीं है।

महाराष्ट्र में 16 प्रतिशत आरक्षण की मांग को लेकचर मराठा समुदायों का आंदोलन जारी है।

Back to top button