नहीं मिल रही सूचना के अधिकार के तहत जानकारी आवेदन देकर भटक रहे लोग

- देवेंद्र रात्रे

जंजगीर: भ्रष्टाचार का नहीं हो रहा पर्दाफाश जिले के ग्राम पंचायत व जनपद कार्यालयों में सूचना के अधिकार अधिनियम कि खुले आम धज्जियां उडाई जा रही है इसके चलते जानकारी लेने वाले पक्षकारों को भटकना पड रहा है और भ्रष्टाचार को बल मिल रहा हैं सरकारी कार्यो में पारदर्शी बनाने के लिए केंद्र सरकार सूचना का अधिकार अधिनियम 2005 में लागु किया गया है जिसे संविधान के अनुच्छेद 101 के तहत एक मूलभूत अधिकार का दर्जा दिया गया है।

जिसके तहत प्रत्येक नागरिक को बोलने और अभिव्यक्ति कि स्वतंत्रता दी गई हैं और उसे यह जानने का अधिकार हैं कि सरकार कैसे कार्य कर रही है इसकी क्या भूमिका है सूचना के अधिकार के तहत प्रत्येक नागरिक को सरकार से और अन्य विभागो से प्रशन पूछने का अधिकार देता है इसमें टिप्पणीयां सारांश अथवा दस्तावेजों एवं अभिलेखों की प्रमाणित प्रतियां व सामन्ती के प्रमाणित नमूनों की मांग की जा सकती है।

People are wandering about by applying information under Right to Information
नहीं मिल रही सूचना के अधिकार के तहत जानकारी आवेदन देकर भटक रहे लोग

लेकिन मालखरौदा ब्लाक के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत पिरदा व जनपद कार्यालय मालखरौदा द्वारा इस महत्वाकांक्षी योजना की अनदेखी कर नागरिक अधिकारों की खुलेआम धज्जियां उडाई जा रही है और लोगों के अधिकारों से खिलवाड़ किया जा रहा है ऐसे में पक्षकारों को जानकारी के लिए भटकना पड रहा है मालखरौदा ब्लाक अंतर्गत ग्राम पंचायत पिरदा निवासी खोलबहरा रात्रे द्वारा सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत 2005 के अनुसार ग्राम पंचायत द्वारा वर्ष 2017 _18 का सामुदायिक भवन का जानकारी मांगी गई हैं।

साथ ही गोसारा व केश बुक कि सुची व सत्य छाया प्रति कि सूची के संबंध मे जानकारी मांगी गई मगर पंचायत द्वारा अधिनियम कि धज्जियां उडाई जा रही और लगभग 5_6 माह बित जाने के बाद भी प्रार्थी को उक्त संबंधमें जानकारी उपलब्ध नही कराई गई ऐसे में प्रार्थी ने प्रथम अपीलीय अधिकारी मालखरौदा जनपद पंचायत कार्यालय में 26/02 /019 फरवरी को 50 पोस्टर आर्डर के साथ आवेदन प्रस्तुत किया गया मगर दो माह से उपर बीत जाने के बाद भी प्रथम अपीलीय अधिकारी द्वारा उक्त संबंध में कोई जानकारी दी नहीं गई।

इससे क्षुब्ध हो कर प्रार्थी ने जानकारी के लिए सूचना आयोग के पास अपील किया है खास बात यह है कि पिरदा सचिव ने यह जानकारी दी कि मैं मुख्य कार्य पालन अधिकारी को जवाब दे दिया गया है नन्दकिशोर रात्रे पिरदा सचिव मुख्य कार्य पालन अधिकारी का कहना है कि देखेगे सूचना जाने के अधिकार के तहत जानकारी दे देगे अभी 70 दिन ही तो हुए हैं नरपत लाल साहू सी ओमालखरौदा।

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