छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव से पहले शराब बंदी की तैयारी

-भाजपा के पक्ष सकारात्मक माहौल बनाने सीएम डॉ. रमन सिंह ले सकते हैं बड़ा फैसला

प्रदीप शर्मा

रायपुर/ पटना।

छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव से पहले शराब बंदी को लागू किया जा सकता है। बता दें शिक्षाकर्मियों के संविलियन की घोषणा करने के बाद सरकार ने राहत की सांस ली थी, लेकिन अन्य सरकारी संगठनों ने अपनी मांगों का पुलिंदा शासन को सौंपा कर सरकार की परेशानी और बढ़ा दी है।

आने वाले चुनाव में एक रुपए किलो चावल, स्मार्ट फोन, स्वास्थ्य बीमा योजना के स्मार्ट कार्ड का लाभ जनता को दिए जाने के बाद भी शराब बंदी का मामला चुनावी मुद्दा साबित हो रहा है। गाहे-बगाहे किसी आपराधिक प्रकरण की वजह से सरकार की शराब बिक्री योजना को निशाने पर रख कर विपक्ष सरकार पर हमलावर होता जा रहा है। यही वजह है कि विधानसभा चुुनाव से पहले छत्तीसगढ़ में पूर्ण शराब बंदी का ऐलान करने सरकार गंभीरता से विचार कर रही है।

– बिहार पैटर्न का अध्ययन करने पहुंची टीम

इसी कड़ी में बिहार में शराबबंदी का अध्ययन करने छत्तीसगढ़ से आई टीम ने बिहार में फील्ड विजिट कर इसके असर को देखा और शुक्रवार को मुख्यमंत्री के सलाहकार अंजनी कुमार सिंह और अन्य अधिकारियों के साथ बैठक की।

बैठक मुख्यमंत्री के साथ तय थी, पर उनके अस्वस्थ रहने की वजह से मुख्यमंत्री के सलाहकार ने उनके साथ बैठक की। अध्ययन दल में बस्तर के सांसद दिनेश कश्यप, जांजगीर चंपा की सांसद कमला देवी पटले, कवर्धा के विधायक अशोक साहू, कुनकुरी के विधायक रोहित कुमार साईं, छत्तीसगढ़ के उत्पाद एवं निबंधन विभाग के सचिव डीडी सिंह तथा अन्य लोग शामिल थे।

-प्रतिनिधि मंडल ने बताई सीएम की मंशा

प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भी वहां शराबबंदी लागू करना चाहते हैं। इसके लिए माहौल बनाया जा रहा है। इसके पहले कर्नाटक सरकार के एक अध्ययन दल ने बिहार में शराबबंदी का अध्ययन किया था। छत्तीसगढ़ से 11 लोगों का अध्ययन दल बिहार आया है। मुख्यमंत्री के सलाहकार ने उन्हें बताया कि किस तरह से बिहार में माहौल बनाकर शराबबंदी के कठिन काम को अंजाम दिया गया।

-शराब बंदी का ये दिखा असर

शराबबंदी के बाद हुए सर्वे में यह बात सामने आई है कि शराब में पैसे उड़ा रहे लोग अब अपने पैसे का सदुपयोग अच्छे खान-पान, शिक्षा व रहन-सहन पर करने लगे हैं। इससे राज्य में कारोबार भी बेहतर हुआ है। अध्ययन दल में शामिल लोगों ने कहा कि जिन क्षेत्रों में भी वे गए वहां महिलाओं ने शराबबंदी की काफी प्रशंसा की। शराबबंदी से हो रहे फायदों के बारे में हमें बताया।

Back to top button