छत्तीसगढ़

शासन की योजनाओं का प्रचार ग्रामीणों के पैसे से, कहाँ तक सही- अनिल टाह

बिलासपुर : ये कैसी विडम्बना है कि एक ओर भारत सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘‘स्वच्छ भारत’’ का सपना देख रही है और इस सपने को पूरा करने के लिए करोड़ों खर्च कर रही है। देश की जनता और काॅर्पोरेट जगत ने भी ‘स्वच्छ भारत’ के मिशन में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है, तो वही जनपद पंचायत, बिल्हा से मामला सामने आया है कि समस्त ग्राम पंचायत को शासकिय योजनाओं, भारत सम्पूर्ण स्वच्छता अभियान, घर-घर में शौचालय, बेटी है तो कल है, प्रधान मंत्री जन-धन योजना अभियान नारा, परिवार कल्याण जैसी योजनाओं के प्रचार – प्रसार के लिए मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत बिल्हा द्वारा विज्ञापन जारी किया गया है, जिसमें मकान नं. में इन सारी योजनाओं का प्रचार होना है।

इस नारे अंकित प्लेट के लिए ग्रामीणों से 30 रू. शुल्क वसूला जा रहा है।
लगभग 50-60 ग्रामीणों ने जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के बेलतरा विधानसभा विधायक प्रत्याशी अनिल टाह को इसकी सूचना दी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि 30रू. की रशीद के लिए उनसे 40-50-60 रू. तक वसूला गया है।
ग्रामीणों का आरोप…….

1. ग्रामीणों का आरोप है कि रशीद फर्जी है, उनसे बेवजह पैसे वसूले जा रहे हैं…

2. सरकारी योजना के प्रचार के लिए सरकार जनता से क्यों पैसे वसूल रही है…

3. यदि यह सही भी है तो सभी से अलग-अलग राशि क्यों वसूली जा रही है…


क्या कदम उठाया जाएगा…

जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के बेलतरा विधानसभा विधायक प्रत्याशी अनिल टाह ने ग्रामीणों की इस समस्या को संज्ञान में लेते हुए आश्वस्त किया कि इस समस्या में वह उनके साथ है। मीडिया विभाग ने जब इस विषय पर अनिल टाह से चर्चा की तो उन्होंने इस रशीद को फर्जी करार देते हुए कहा कि मैं इसका विरोध करता हूँ कि सरकार अपनी योजनाओं के प्रचार के लिए गरीब जनता से पैसे वसूल रही है जो सरासर गलत है हम इसकी सूचना जल्द ही कलेक्टर को ज्ञापन सौंप कर देंगे। फिर भी यदि इस पर कार्यवाही नहीं होती है तो आगे भी इसका विरोध किया जायेगा।

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