छत्तीसगढ़

नजूल भूमि का नवीनीकरण तथा पट्टा आवंटन प्रक्रिया में सरकारी तंत्र विफल : संजीव अग्रवाल

रायपुर : जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के प्रवक्ता व मीडिया समन्वयक, संजीव अग्रवाल ने छत्तीसगढ़ शासन पर एक बार फिर हमला करते हुए एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बड़ा खुलासा किया है जो इस प्रकार है।

छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग मंत्रालय, महानदी भवन, नया रायपुर द्वारा समस्त संभागीय आयुक्तों और समस्त कलेक्टरों को छत्तीसगढ़ में नजूल की भूमि के नवीनीकरण तथा पट्टा आवंटन प्रक्रिया के सरलीकरण के लिए 12 फरवरी 2015 को ही एक आदेश जारी किया गया था जिस पर आगामी 3 माह में कार्रवाई की जानी चाहिए थी, परंतु अब इसे सरकारी तंत्र की लचर व्यवस्था कहें या फ़िर जानबूझकर की गई लापरवाही, कि आज 3 वर्ष के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

ऐसे मुख्य बिंदु जिन पर छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व और आपदा प्रबंधन विभाग मंत्रालय द्वारा प्रदेश के समस्त संभागीय आयुक्तों और समस्त कलेक्टरों को निर्देश जारी किए जाने के बावजूद भी आज तक जनता परेशान है, निम्नलिखित हैं जिनका पालन मई 2015 तक अधिकारियों को करना था –

1. ऐसे मामलों में जिनमें पट्टा अवधि समाप्त हो गई हो तथा पट्टेदार द्वारा निर्धारित प्रयोजन के लिए भूमि उपयोग किया जा रहा हो।

2. ऐसे मामले जिसमें पट्टेदार द्वारा पट्टे पर दी गई भूमि से अधिक नजूल भूमि पर कब्जा कर लिया गया हो।

3. ऐसे मामले जिसमें पट्टे द्वारा स्थाई पट्टे पर दी गई संपूर्ण भूमि या उसके किसी भाग को विक्रय कर दिया गया हो तथा क्रेता के द्वारा पट्टा नवीनीकरण की मांग की जा रही हो।

4. ऐसे मामले जिसमें पट्टेदार की मृत्यु हो गई हो तथा वारिसानों के द्वारा पट्टा नवीनीकरण की मांग की जा रही हो, ऐसे मामले जिसमें पट्टा अवधि समाप्त हो गई हो लेकिन पट्टेदार के द्वारा नवीनीकरण का आवेदन नहीं किया गया हो।

5. ऐसे मामले जिसमें पट्टा अवधि समाप्त हो गई हो तथा पट्टेदार द्वारा स्थाई पट्टे पर प्राप्त भूमि का उपयोग पट्टे में निर्धारित प्रयोजन से परिवर्तित कर लिया गया हो।

6. ऐसे मामले जिनमें पट्टा अवधि अभी समाप्त नहीं हो उनके भूमि उपयोग तथा पट्टे का सत्यापन।

7. नजूल भूमि के पट्टा आवंटन प्रक्रिया का सरलीकरण हेतु नगरीय क्षेत्र में शामिल ग्रामों की नजूल भूमि का पट्टा आवंटन।

8. गृह निर्माण सरकारी समितियों को अग्रिम अधिपत्य में दिए गए नजूल भूमि का पट्टा आवंटन।

9. बिना नीलामी नजूल भूमि का पट्टा आवंटन।

10. स्थाई पट्टे पर नजूल भूमि का आवंटन तथा अधिकारों के प्रत्यायोजन के लिए प्रावधान।

11. नजूल पट्टे के नवीनीकरण के अधिकार।
जनता कांग्रेस छत्तीसगढ जे के प्रवक्ता ने कहा कि विगत 15 सालों में भाजपा के कार्यकाल में जनहित के कार्य कम हुए हैं और प्रदेश की जनता को परेशान करने के कार्य ज्यादा हुए हैं। प्रदेश में ब्यूरोक्रेसी पूरी तरह से हावी हो गई है और सरकार का इस पर कोई अंकुश नहीं है।

संजीव अग्रवाल ने राज्य सरकार से उपरोक्त मामले में तुरंत कार्रवाई कर जनता को राहत देने की मांग की है।

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