राष्ट्रीय

घेराव करने वाले जेएनयू के 15 छात्रों को कारण बताओ नोटिस

नई दिल्‍ली: जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय की प्रोक्टोरियल जांच समिति ने घेराव करने के लिये विश्वविद्यालय के करीब 15 छात्रों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. इस घेराव के चलते इस साल के शुरू में विश्वविद्यालय प्रशासन का ‘सामान्य कामकाज बाधित’ हुआ था. समिति ने यह भी टिप्पणी की कि घेराव करना ‘अनुशासनहीनता’ और ‘कदाचार’ है. बहरहाल छात्रों ने इन आरोपों से इनकार किया है. छात्रों को जारी नोटिस में कहा गया है, ‘‘आप सभी को अनुशासनहीनता का दोषी पाया जाता है.

27 फरवरी की पूरी रात आप सभी प्रशासनिक ब्लॉक के कमरा नंबर 225 में बैठे रहे जबकि सुरक्षाकर्मियों ने आपसे उसे खाली करने का अनुरोध भी किया था.’’ अगर छात्र अपना बचाव करने में नाकाम रहे तो उनके आरोप को देखते हुए उनके दाखिला रद्द होने, डिग्री वापस लेने, 20,000 रुपये तक का जुर्माना और दो सेमेस्टर के लिये निष्कासन जैसी सजाएं सुनायी जा सकती हैं. बहरहाल जेएनयू के मुख्य प्रॉक्टर कौशल कुमार शर्मा ने इस संबंध में जवाब नहीं दिया.

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.