गठबंधन केंद्र में BJP को नहीं आने देगा सपा-बसपा : मायावती

37-37 सीटों पर चुनाव लड़ने की सपा और बसपा की योजना

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में लोकसभा की 80 सीटों में से सपा और बसपा की योजना 37-37 सीटों पर चुनाव लड़ने की है. इसके अलावा राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) को भी दो या तीन सीटें देने की चर्चा है.

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की सीट अमेठी और सोनिया गांधी की सीट रायबरेली पर महागठबंधन अपने उम्मीदवार नहीं उतारेगा. समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव और बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती आज साझा प्रेस काफ्रेंस कर रहे हैं.

मायावती ने कहा ’25 साल बाद सपा और बसपा का गठबंधन बना है. आज ही यह प्रेस कांफ्रेंस पीएम मोदी और शाह की नींद उड़ाएगी.’ उन्‍होंने कहा कि उत्‍तर प्रदेश की जनता बीजेपी से त्रस्‍त आ गई है. इसलिए हमने गठबंधन कर चुनाव लड़ने का फैसला लिया है.

जिससे किसी भी कीमत पर बीजेपी को केंद्र या राज्‍य की सत्‍ता पर आने से रोका जा सके.’ उन्होंनेे कहा कि कांग्रेस के समय घोषित इमरजेंसी लगी थी, जबकि BJP के राज्‍य में अघोषित इमरजेंसी लगी हुई है.

मायावती ने कांग्रेस को शामिल न करने पर कहा ‘हमने गठबंधन में कांग्रेस को शामिल नहीं किया है. कांग्रेस पार्टी को हम जैसी पार्टियों से अच्‍छा फायदा मिलता है, लेकिन हम जैसी पार्टिेयों को इसका लाभी नहीं मिल पाता. हमारा वोट प्रतिशत कम हो जाता है.’

इसमें आगामी लोकसभा चुनाव में उत्‍तर प्रदेश में सपा-बसपा गठबंधन में सीट बंटवारे का ऐलान होगा. प्रेस कांफ्रेंस के लिए होटल पहुंचे अखिलेश यादव और मायावती एक-दूसरे से गर्मजोशी से मिले. दोनों ने एक-दूसरे को गुलदस्‍ता देकर स्‍वागत किया. हाल ही में दोनों दलों के नेताओं ने दिल्ली में मुलाकात कर लोकसभा चुनावों में महागठबंधन के स्वरूप पर चर्चा की थी.

1
Back to top button