छत्तीसगढ़

नवोदय चयन परीक्षा में जीएमआरवरलक्ष्मी के नवोदय कोचिंग के छात्रों ने तिल्दा ब्लॅाक में मारी बाजी

रायपुर : हर माता-पिता का यह सपना होता है, कि उनका बच्चा पढ़ लिखकर एक अच्छी नौकरी करे, लेकिन अच्छे स्कूल में पढ़ाना गांव के गरीब किसानों के लिए एक न पूरा होने वाले सपने के जैसा था किंतु अब यह बीते दिनों की बात हो गई है क्यांे कि इनके सपनों को साकार करने जीएमआर छत्तीसगढ़ एनर्जी लिमिटेड की सामाजिक उत्तरदायित्व निर्वहन शाखा – वरलक्ष्मी फाउण्डेषन विगत 8 वर्षों से अपने निकटस्थ अंगीकृत ग्रामों में निःषुल्क षिक्षा, स्वास्थ्य, जीविकोपार्जन, व सषक्तिकरण पर कार्य कर रही है। इसी कड़ी में षिक्षा के क्षेत्र में भी विभिन्न प्रकार की गतिविधियाॅ संचालित है, जिसमें नवोदय कोचिंग सेंटर विगत 2010-11 से संचालित है जिसमें क्रमषः आषानुरूप अपार सफलता प्राप्त हुई है। इस कोचिंग सेंटर में 5वीं कक्षा के बच्चों को नवोदय प्रवेष परीक्षा में चयन हेतु कोचिंग दी जाती है। जिसमें समय – समय पर जीएमआर के इंजीनियरो व प्रबंधकों की टीम भी अपना मार्गदर्षन यहां के छात्रों को उपलब्ध कराती है। वरलक्ष्मी फाउण्डेष द्वारा संचालित कोचिंग सेंटर से इस वर्ष भी 3 प्रतिभागियों का चयन हुआ है। इस तरह अब तक कुल 16 बच्चों का चयन हो चुका है। यह परिणाम इस गतिविधि की अपार सफलता का सूचक है।

गौरतलब है,कि रायपुर जिले में कुल 80 सीटों के लिए लगभग 31000 छात्रों ने नवोदय की प्रवेष परीक्षा दी थी। जिसमें से तिल्दा ब्लाक में कुल 5 ग्रामीण व 2 शहरी सहित कुल 7 सीटें आबंटित हैं। अर्थात 5 ग्रामीण कोटे में से 3 विद्यार्थियों का चयन जीएमआर के नवोदय कोचिंग के छात्रों का हुआ है। चयनित छात्रों में से 2 ग्राम रायखेड़ा की कुमारी महक पिता मोहन लाल साहू , कुमारी महिमा पिता तामेष्वर यदु व 1 छात्र ग्राम गैतरा के सुनील कुमार पिता धनाजीत जांगड़े के प्राप्तांक सामान्य वर्ग के अंको से भी ज्यादा अंक अर्जित कर अपनें ग्राम का मान बढ़ाया है। उपरोक्त तीनों छात्र निम्न मध्यम वर्गीय परिवार में आते हैं जिनके माता-पिता मेहनत मजदूरी कर अपने बच्चों का लालन पालन करते हैं। तथा जिनके लिए अपने बच्चों को एक अच्छी षिक्षा देना एक बड़े सपने जैसा था। जीएमआर छत्तीसगढ़ एनर्जी लिमिटेड निकट भविष्य में भी ऐसे परिवारों के पुनरूत्थान हेतु कटिबद्ध रहेगा।

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