ज्योतिष

Surya Grahan : 14 दिसंबर को अंतिम पंचग्रहीय सूर्य ग्रहण भारत में नहीं दिखेगा, लेकिन होगा बहुत प्रभावित

भारतीय समयानुसार,अब सूर्य ग्रहण14 दिसंबर की सायं 7 बजकर 02 मिनट से लेकर 15 दिसंबर की सुबह 12 बजकर 23 मिनट तक रहेगा।

ज्योतिर्विद्: 2020 में कुल 6 ग्रहण लगे जिसमें 4 चंद्र ग्रहण और 2 सूर्य ग्रहण हैं। पूरा साल खगोलीय घटनाओं से भरपूर रहा और पृथ्वी के वातावरण एवं मानव जीवन पर उसका पूर्ण प्रभाव देखने को भी मिला। अभी 30 नवंबर को उपच्छाया चंद्रग्रहण लगा, कई जगह समुद्री तूफान आए।

भारतीय समयानुसार,अब सूर्य ग्रहण14 दिसंबर की सायं 7 बजकर 02 मिनट से लेकर 15 दिसंबर की सुबह 12 बजकर 23 मिनट तक रहेगा। यह भारत में नहीं दिखेगा अपितु दक्षिण अफ्रीका, दक्षिण अमेरिका,मेक्सिको, सउदी अरब, कतर,मलेशिया, ओमान,सिंगापुर, श्री लंका, हिंद व प्रशांत महासागर आदि में दृश्य होगा।

चूंकि भारत में उस समय रात होगी, इसलिए यह दिखाई नहीं देगा अतः धार्मिक दृष्टि से सूतक या दान आदि या महिलाओं को इस विषय में कोई सावधानी बरतने की आवश्यकता नहीं । उपरोक्त देशों में जहां भारतीय हैं, वहां उन्हें इसकी सावधानियों के प्रति संबंधी, सचेत कर सकते हैं।

भले ही भारत में इस सूर्य ग्रहण का धार्मिक महत्व न हो परंतु , कोई भी ग्रहण हो, ज्योतिष के अनुसार उसका असर पृथ्वी तथा धरती वासियों पर पड़ता अवश्य है और इसे जानने के लिए यह देखना आवश्यक होता है कि यह किस राशि में लग रहा है ?

यह ग्रहण , बृश्चिक राशि, ज्येष्ठा नक्षत्र, शूल योग और धनु संक्रांति में पड़ रहा है। सूर्य 15 दिसंबर से 14 जनवरी तक धनु राशि में रहेगा। इस धनु राशि में जन्में लोगों को सावधानी बरतनी होगी। इस दिन सूर्य के साथ 5 ग्रह -चंद्र, बुध, शुक्र, केतु साथ होंगे जिन्हें राहू की देख रहा है। एक प्रकार से यह आंशिक काल सर्प योग भी है। चंद्र नीच राशि में और अस्त हैं जबकि नीचस्थ गुरु, शनि के साथ हैं। इन सभी ग्रहों तथा सूर्य ग्रहण का धरती पर कैसा प्रभाव पड़ेगा ?

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button