छत्तीसगढ़

रामायणकालीन नगरी शिवरीनारायण का होगा विकास : भूपेश बघेल

राम वनगमन पर्यटन परिपथ के महत्वपूर्ण पड़ाव और महानदी, शिवनाथ और जोंक नदी के संगम पर स्थित शिवरीनारायण में रामायण की थीम के अनुरूप विभिन्न विकास कार्य आकार ले रहे हैं।

ब्यूरो चीफ : ब्यूरो चीफ : विपुल मिश्रा

रायपुर :  मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज जांजगीर-चांपा जिले के शिवरीनारायण में राम वनगमन पर्यटन परिपथ के अंतर्गत लगभग 36 करोड़ रुपये के प्रस्तावित कार्यों के मॉडल का अवलोकन किया। मुख्यमंत्री ने मेला मैदान में भगवान राम, लक्ष्मण और माता शबरी की प्रतिमा का अनावरण भी किया। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद पी एल पुनिया, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री टी.एस. सिंहदेव, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री जयसिंह अग्रवाल, नगरीय प्रशासन एवं श्रम मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष महंत रामसुन्दर दास, विधायक मोहन मरकाम, चंदन यादव, संसदीय सचिव चन्द्रदेव राय उपस्थित थे।

राम वनगमन पर्यटन परिपथ

राम वनगमन पर्यटन परिपथ के महत्वपूर्ण पड़ाव और महानदी, शिवनाथ और जोंक नदी के संगम पर स्थित शिवरीनारायण में रामायण की थीम के अनुरूप विभिन्न विकास कार्य आकार ले रहे हैं। इनमें प्रमुख रूप से महानदी मोड़ पर 44 फीट ऊंचा विशाल प्रवेश द्वार और इसके समीप 32 फीट ऊंची भगवान श्रीराम सहित लक्ष्मण और माता शबरी की मूर्ति का निर्माण किया जायेगा।शिवरीनारायण में माता शबरी की भक्ति एवं वात्सल्य के प्रतीक जूठे बेर खिलाने के प्रसंग को उद्धरित करते हुए नदीतट घाट एरिया का सुंदरीकरण के अंतर्गत 14 व्यू पॉइंट का निर्माण, आरती पूजन जन सुविधा के रूप में, फूड प्लाजा, मेला ग्राउंड के पास कैफेटेरिया, पर्यटन सूचना केंद्र, पार्किंग एरिया का निर्माण, थ्री डी मॉडल, वाक थू्र के प्रस्तावित प्रारूप का अवलोकन किया।

राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना

उल्लेखनीय है कि राम वनगमन पर्यटन परिपथ राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। छत्तीसगढ़ वासियों के लिए भगवान केवल आस्था ही नहीं बल्कि भांजे के रूप में भी पूजनीय हैं। पर्यटन परिपथ में कोरिया से लेकर सुकमा तक लगभग 1440 किलोमीटर के पथ में 75 स्थलों का चिन्हांकन किया गया है। इनमें से प्रथम चरण में 9 स्थलों के विकास का बीड़ा राज्य सरकार ने उठाया है। इनमें सीतामणी हरचौका, रामगढ़, शिवरीनारायण, तुरतुरिया, चंदखुरी, राजिम, सिहावा, जगदलपुर और रामाराम (सुकमा) शामिल हैं।

पर्यटन, नगरीय प्रशासन और जलसंसाधन विभाग द्वारा कराए जाएंगे कार्य : राम वन गमन पर्यटन परिपथ परियोजना के अंतर्गत शिवरीनारायण में लगभग 36 करोड़ की लागत से विकास और सौंदर्यीकरण के कार्य कराए जाएंगे। शिवरीनारायण में प्रथम चरण में पर्यटन विभाग 5.76 करोड़ रुपए की लागत के कार्य कराएगा, जिसके अंतर्गत घाट निर्माण, कियोस्क, टूरिस्ट इंन्फोरमेशन सेंटर, मंदिर कॉम्पलेक्स पुनरुत्थान, पार्किंग, पेयजल व्यवस्था, शौचालय, प्रशासनिक भवन आदि कार्य कराए जाएंगे।

द्वितीय चरण में पर्यटन विभाग द्वारा 0.86 करोड़ रुपए की लागत के कार्य कराए जाएंगे, जिसमें खरौद में लक्ष्मण मंदिर का विकास, मार्केट एरिया अपग्रेडेश, सी.सी.टी.व्ही.कैमरा स्थापना के कार्य शामिल हैं। शिवरीनारायण में नगरीय प्रशासन विभाग द्वारा 12.4 करोड़ रुपए की लागत के कार्य किए जाएंगे, जिनमें मेन गेट निर्माण, प्रभु श्री राम जी की मूर्ति निर्माण, घाट वॉक वे डेवलपमेंट, साईनेजेस, लाईटिंग, लैण्डस्केपिंग, व्यू पाईंट, पार्किंग एरिया, फूड प्लाजा, मॉडयूलर शॉप के कार्य शामिल हैं। शिवरीनारायण में जल संसाधन विभाग द्वारा 11.9 करोड़ रुपए की लागत से महानदी में बैराज एवं ब्रिज के मध्य में व्यू पाईंट, घाटों का विकास, वॉक वे, साईनेजेस, लाईटिंग, एल्यूमिनेशन ऑफ ब्रिज और बैराज, लैण्डस्केपिंग, स्टोन पिंचिंग के कार्य कराए जाएंगे।

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button