छत्तीसगढ़

महिला शशक्तिकरण पर नृत्य नाटिका ने मोहा मन और तू चीज बड़ी है मस्त मस्त में झूमे विद्यार्थी

मौका था आरआईटी ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूट्स के विद्यार्थियों द्वारा आयोजित राईटोफेस्ट 2K18 के समापन अवसर का जिसमे प्रमुख रूप से मुख्य सूचना आयुक्त आईएएस अशोक कुमार अग्रवाल, संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी आईएएस समीर विश्नोई , रायपुर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी आईएएस नीलेश क्षीरसागर उपस्थित हुए साथ ही संस्था के चेयरमैन पूर्व विधायक स्वरूपचंद जैन भी उपस्थित थे।

इस विशेष मौके पर आरआईटी के सचिव शैलेन्द्र जैन ने विशिष्ट अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि यह 23वां वर्ष है राईटोफेस्ट का जिसे आरआईटी परिवार एक पारिवारिक कार्यक्रम के रूप में मनाते हैं और एन्जॉय करते हैं। हमारा उद्देश्य है विद्यार्थियों का सर्वांगीन विकास हो और उनमें टीम वर्क की समझ भी आये की कैसे एक टीम, एक परिवार के रूप में हम राईटोफेस्ट फेस्टिवल मना सकते हैं।

आरआईटी के एमसीए विभाग की दीक्षा एवं उनकी टीम ने महिला शशक्तिकरण के ऊपर नृत्य नाटिका पेश किया जिसमें उन्होंने संदेश दिया कि परिवार और समाज मे बेटी कितनी महत्त्वपूर्ण है। छत्तीसगढ़ की माटी में यदि छत्तीसगढ़ की संस्कृति न हो तो कुछ कमी रह जाती है लेकिन डीडीयू के विद्यार्थियों ने प्रसिद्ध पंथी नृत्य खुद गाना गाकर नृत्य की प्रस्तुति दी। इसी क्रम में रितिका एवं कृतिका जो इंजीनियरिंग व एमबीए के विद्यार्थी हैं दोनों ने मन को मोह लेने वाला क्लासिकल नृत्य प्रस्तुत किया जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। इन सबके साथ बीबीए की प्रांजल ने ” मोहे रंग दो लाल नंद के लाल” पर एकल नृत्य प्रस्तुत किया। आरआईटी के होटल मैनेजमेंट की रेणुका ने अपने प्रस्तुति से प्रत्येक को झुमनेके लिए मजबूर कर दिया। रेणुका ने ” तू चीज बड़ी है मस्त मस्त तथा छम्मा छम्मा गीत पर आकर्षक प्रस्तुति दी।

आरआईटी के नर्सिंग की विद्यार्थी शावना ने डॉन फ़िल्म की हेलन की याद ” ये मेरा दिल यार का दीवाना” गीत गाकर दिला दी साथ ही यह गाना ट्रिब्यूट टू आशा भोंसले था। साथ ही शावना व ग्रुप ने ” टिप टिप बरसा पानी..” गीत पर अपनी प्रस्तुति से वाकई पानी मे आग लगा दिए। फिर सिविल व बायोटेक्नोलॉजी के नीराज एवं ग्रुप ने ऑडियंस को अपने ग्रुप डांस के माध्यम से पुराने दिनों में ले गए जहाँ राजेश खन्ना ट्रैन में बैठी शर्मिला को देखकर ” मेरे सपनों की रानी कब आएगी तु ” गा रहे थे। साथ ही इस ग्रुप ने ” कोई मिल गया…; हवा हवा” गीत पर शानदार प्रस्तुति दिए। अंत मे डीडीयू के कमल तिवारी एवं ग्रुप ने छत्तीसगढ़ी गीत ” हमर पारा तुहर पारा ” गीत व नृत्य से सांस्कृतिक कार्यक्रम की समाप्ति किये।

समूचे सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं पुरस्कार वितरण का संचालन आरआईटी के केमिकल इंजीनियरिंग के प्रो वैशाली पेंडसे ने अन्य प्रोफेसरों के सहयोग से किया और सफल बनाया। इस विशेष दिन में रिटकॉम के जयेश कारिया, डॉ समीर ठाकुर, डॉ अमित श्रीवास्तव, डॉ प्राची, डॉ तनुश्री, डॉ ज़ुनूबिया अली, डॉ संजीवनी, प्रो अमित खरे, प्रो शिखा तिवारी, सपन ठाकुर, प्रियंक झा व अन्य गणमान्य प्रोफेसर उपस्थित हुए। कार्यक्रम के अंत मे आरआईटी के प्राचार्य डॉ आरपीएस चौहान ने विशिष्ट अथियों, आरआईटी ग्रुप के प्राचार्यों, प्रोफेसरों एवं विद्यार्थियों का आभार माना और आने वाले दिनों में आरआईटी के विद्यार्थी ज्यादा से ज्यादा रिसर्च कर पेपर पब्लिश करें और एक सफल व्यक्ति बनने हेतु शुभकामनाएं प्रेषित किये।

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.