इन 5 वजहों से बाप-बेटे नहीं बन पाते अच्छे दोस्त!

कहते है कि मां-बेटी और बाप-बेटा एक दूसरे के ज्यादा क्लोस होते हैं। एक पिता बेटे का बाप कम दोस्त ज्यादा कहलाता है।

कई बार इन दोनों के बीच कुछ ऐसी बातें हो जाती है, जिससे बाप-बेटे की दोस्ती का रिश्ता कमजोर पड़ जाता है।

बेटा को पापा बुरे लगने लगते है। आइए जानते है क्यों बाप-बेटे का रिश्ता क्यों दोस्ती में नहीं बदल पाता।

1. तुम अभी बच्‍चे हो

बेटा जब छोटे से बड़ा भी हो जाता है तो वह खुद को समझदार और बड़ा समझने लगता है लेकिन बाप के लिए बेटा चाहें जितना मर्जी बड़ा हो जाए, बेटा ही रहेगा।

बाप बेटे को नासमझ और बच्चा ही मानते है। यहीं बात बेटे को मंजूर नहीं होती, जिससे उनके बीच दूरी बनने लगती है।

2. कब लोगे जिम्‍मेदारी

बहुत से पेरेंट्स को लगता है कि उनका बच्चा कोई भी काम जिम्मेदारी से नहीं करता। इस बात पर बेटे को लगता है कि पापा को बिना बात पर बोलने की आदत है, जो बेटे को पापा से दूर करती है। ऐसे में बाप-बेटे दोनों को बैठकर इस बात पर विचार करना चाहिए और इस बात का मसला निकालकर अपने रिश्ते को बेहतर बनाना चाहिए।

3. तुम्‍हारे बस का काम नहीं…

जब बेटा आगे बढ़कर किसी काम की जिम्मेदारी लेता है तो पापा कह देते है, तुम्हारे बस का काम नहीं है। ऐसा सुनकर ही सारा उत्साह कम पड़ जाता है।

ऐसा में बेटा के मन में ख्याल आता है कि जब पापा को मुझपर भरोसा ही नहीं तो जिम्मेदारी लेना क्या फायदा। यहीं चक्कर है कि वह दोनों अच्छे दोस्त नहीं बन पाते।

4. ऐसे है तुम्‍हारे दोस्‍त

लड़कों को अपने दोस्तों से बड़ा प्यार होता है। ऐसे में अगर पेरेंट्स उनके बारे में कुछ गलत कह दे तो यह बातें बेटे को ताने की तरह चुभती है।

5. बस आवारागर्दी करते रहना..

जब बेटा कहीं बाहर से घूमकर आता है तो पापा का यहीं कहना होता है। बस आवारागर्दी के अलावा कोई काम नहीं रहा। चाहें बेटा कोई घर का काम ही करके आया हो।

बस यहीं बात बेटे को बुरी लगती है और बाप-बेटे के बीच गलतफहमी पैदा हो जाती है। बेटा पापा से शेयकर करने वाली बातें भी छिपाने लगता है।

1
Back to top button