1000 KM तक मार कर सकती है ये स्वदेशी क्रूज मिसाइल, भारतीय सेना की बढ़ेगी ताकत

हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल के निर्माण का फैसला

पूर्वी लद्दाख में चीन (China) के साथ चल रहे सीमा विवाद के बीच भारत (India) सरकार अपने सैन्य बलों की युद्धक क्षमता बढ़ाने की कोशिश कर रही है। सरकार ने 38 हजार 900 करोड़ रुपये की लागत से लड़ाकू विमानों, मिसाइल सिस्टम की खरीद को मंजूरी दे दी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई बैठक में प्रपोजल को मंजूरी दी गई।

इसके साथ ही भारतीय सेना को स्वदेशी क्रूज मिसाइल, नए फाइटर एयरक्राफ्ट, हवा में दुश्मन के एयरक्राफ्ट को तबाह करने वाली मिसाइल मिलेंगे। इसमें सबसे महत्वपूर्ण भारत की पहली लंबी दूरी वाली लैंड अटैक क्रूज मिसाइल निर्भय है, जिसके निर्माण का रास्ता साफ हो गया है।

1000 किलोमीटर से निर्भय मिसाइल की मारक क्षमता

निर्भय भारत की पहली लंबी दूरी की मारक क्षमता वाली क्रूज मिसाइल है, जिसकी रेंज 1000 किलोमीटर है। निर्भय मिसाइल दुश्मन के महत्वपूर्ण ठिकानों के अलावा जंगी जहाजों पर अचूक और घातक हमला करती है।

हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल के निर्माण का फैसला

निर्भय मिसाइल के अलावा हवा से हवा में लड़ाई में सक्षम अस्त्र मिसाइल के भी निर्माण में तेजी लाने का फैसला किया गया है। ये मिसाइल सिस्टम सुपरसोनिक लड़ाकू विमानों से मुकाबला कर सकते हैं और सभी तरह के मौसम में दिन-रात हमेशा इनके काम करने की क्षमता होगी। अस्त्र मिसाइल 10 किलोमीटर से लेकर 160 किलोमीटर तक दुश्मन के किसी भी विमान को तबाह कर सकती है।

44 सेकेंड में 12 रॉकेट दाग सकती है मल्टी बैरल रॉकेट लॉन्चर

इसके अलावा स्वदेशी मल्टी बैरल रॉकेट लॉचर पिनाका की भी नई रेजीमेंट तैयार की जाएगी। पिनाका की खासियत है कि ये महज 44 सेकेंड में 12 रॉकेट दाग सकती है और इसकी मार 40 से 75 किलोमीटर तक है।

5 मई से चल रहा है भारत और चीन के बीच लद्दाख में विवाद

भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में सीमा पर विवाद 5 मई से चल रहा है और दोनों देशों की सेनाएं कई बार आपस में भिड़ चुकी हैं। 15 जून को दोनों देशों की सेनाओं के बीच हिंसक झड़प हो गई थी, जिसमें 20 भारतीय जवान शहीद हो गए थे और कई घायल हुए थे।

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